हाईकोर्ट ने अनियंत्रित जमा योजनाओं पर रोकथाम कानून के मामलों की सुनवाई के लिए विशेष अदालत बनाने की मांग वाली याचिका पर दिल्ली सरकार से जवाब मांगा है। यह याचिका अभिजीत मिश्रा ने दायर की है।
याची का कहना है कि हालांकि इस संबंध में कानून फरवरी 2019 में बन गया था लेकिन दिल्ली सरकार ने अब तक किसी सक्षम अधिकारी की नियुक्ति नहीं की गई है तथा कानून लागू करने के लिए नियम तय नहीं किए हैं। इसके अभाव में पुलिस को इस कानूनी संबंधी प्रक्रिया की जानकारी नहीं है।
मुख्य न्यायाधीश डीएन पटेल व न्यायमूर्ति सी. हरि शंकर की खंडपीठ ने याचिका पर दिल्ली सरकार को नोटिस जारी करते हुए सुनवाई के लिए 22 मई की तारीख तय की है। इस याचिका में कहा गया है कि संबंधित कानून में विशेष अदालत बनाने का प्रावधान है।
इसके बावजूद दिल्ली सरकार ने न सक्षम अधिकारी की नियुक्ति की है और न ही मामलों की सुनवाई के लिए विशेष अदालत ही बनाई है। कानून के मुताबिक सचिव स्तर के अधिकारी को ही सक्षम अधिकारी नियुक्त किया जा सकता है।