नेपाल में भूकंप के कारण हुई तबाही को हाईकोर्ट ने गंभीरता से लिया है। अदालत ने राजधानी में बड़ी तादाद में हो रहे अवैध निर्माण को रोकने में असफल रहने पर तीनों एमसीडी को कड़ी फटकार लगाई।
अदालत ने एमसीडी से पूछा कि क्या राजधानी में नेपाल जैसी किसी त्रासदी होने का इंतजार किया जा रहा है। न्यायमूर्ति बीडी अहमद व न्यायमूर्ति संजीव सचदेव की खंडपीठ ने मामले की सुनवाई के दौरान इस तथ्य को गंभीरता से लिया कि अदालत के आदेश को दरकिनार कर एमसीडी अधिकारी अवैध निर्माण के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर रहे।
अदालत ने पूछा कि अवैध निर्माण के खिलाफ क्या कोई कार्रवाई की है? क्या उसके पास अवैध निर्माण को लेकर कोई कार्ययोजना है?
खंडपीठ ने कहा कि राजधानी में सिंगल ईंट की दीवारों पर कई मंजिला मकान बने हुए हैं। अगर दिल्ली में नेपाल जैसा भूकंप आया तो यहां अवैध इमारतें ढह जाएंगी और बड़ी मात्रा में जानमाल का नुकसान होगा।