हरियाणा में शराब पीने वालों के लिए सरकार ने एक नई व्यवस्था की है जिसके तहत अब एक ही दुकान से अंग्रेजी और देसी दोनों शराब खरीदी जा सकेगी। शराब के खुदरा व्यापारी अब देसी और अंग्रेजी दोनों शराब एक ही दुकान पर बेच सकेंगे। हरियाणा की नई एक्साइस नीति के तहत यह फैसला इसलिए लिया गया है ताकि रेवेन्यू जनरेशन को केंद्रीकृत किया जा सके।
इस नई नीति के तहत एक्साइस और कराधान विभाग ने शराब विक्रेताओं को कई जोन में बांटा है। हर जोन में ज्यादा से ज्यादा 6 शराब की दुकानें होंगी जिनके दो सब-वेंड्स होंगे जो एक व्यापारी के अधीन होंगे।
2016-17 की नीति के तहत एक जोन में तीन दुकानें आती थीं। डिप्टी एक्साइज और टैक्सेशन कमिश्नर (गुरुग्राम ईस्ट) अरुणा सिंह ने बताया कि, 15 दिसंबर, 2016 को सुप्रीम कोर्ट ने नेशनव व राजकीय हाईवे से 500 मीटर के दायरे में आने वाली शराब की दुकानों की गणना के लिए कहा था।
हम पहले ही यह काम कर चुके हैं और इसमें 43 ऐसी दुकानें मिली हैं जो 500 मीटर के अंदर हैं। चूंकि टेंडर 31 मार्च को खत्म हो गया इसलिए इन दुकानों को शिफ्ट करने और रिलोकेट करने का कोई मतलब नहीं है।