एक साल से सील हज हाउस की समस्या अब मुंबई मुंबई हज कमेटी के बजट से दूर होगी। 40 करोड़ रुपये की लागत से बने हज हाउस में एसटीपी प्लांट कम क्षमता का होने के कारण एनजीटी ने सील लगाने का आदेश दिया था। अब एसटीपी के लिए हज कमेटी ऑफ इंडिया मुंबई ने बजट देने की घोषणा की है। स्टेट हज कमेटी ने इसको मंजूरी दे दी है। इस बजट से एसटीपी की क्षमता बढ़ाई जाएगी।
उत्तर प्रदेश के हज यात्रियों के लिए सपा सरकार के शासन काल में हज हाउस बनाया गया था। डूब क्षेत्र में निर्माण को लेकर जनहित याचिका के मामले में काफी दिन तक मामला फंसा रहा। 2005 में तत्कालीन सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव ने शिलान्यास किया था। 2016 अगस्त में तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और मंत्री आजम खां ने हज हाउस का लोकार्पण किया।
लोकार्पण के बाद पहला जत्था रवाना होने के कुछ महीनों बाद ही कम क्षमता के एसटीपी होने के कारण एनजीटी के निर्देश पर इसको सील कर दिया था। हाउस में 136 केएलडी क्षमता का एसटीपी है। एनजीटी ने 400 केएलडी की क्षमता का एसटीपी लगाने का निर्देश दिया था।
इसका प्रस्ताव शासन को भेजा गया था, लेकिन बजट न मिलने की वजह से मामला अटक गया। अब हज कमेटी ऑफ इंडिया मुंबई ने तीन करोड़ 33 लाख का बजट देने का आश्वासन दिया है। इस बजट से एसटीपी की क्षमता बढ़ेगी।