गुरुग्राम। हरियाणा में कभी भी कोई पार्टी व जनता को इस बात पर विश्वास नहीं था कि भारतीय जनता पार्टी अपने बल पर पूर्ण बहुमत में आ सकती है। कार्यकर्ताओं की निष्ठा व ईमानदारी के बल पर भाजपा ने अपने बल पर सरकार ही नहीं बनाई, बल्कि दूसरी बार राज्य में सरकार बनाई है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल व प्रदेश प्रभारी डॉ. अनिल जैन ने उक्त तथ्य रखते हुए भाजपा कार्यकारिणी की बैठक में चुनाव हारने वाले नेताओं को आश्वासन दिया कि उनको साथ लेकर चला जाएगा, ऐसे में वे निराश न हों और उत्साह में जनता से जुड़कर उनकी समस्याओं का समाधान करें, ताकि भविष्य में राज्य में फिर भाजपा की ही सरकार बने। कार्यकारिणी की बैठक राज्य में पूर्ण बहुमत न आने पर मंथन करने के लिए बुलाई गई है।
बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि हार-जीत लगी रहती है और हमें आशा थी हम पहले से ज्यादा सीटें लाएंगे लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अब पीछे मुड़ने का समय नहीं है। उन्होंने कहा कि पिछली बार जब वे मुख्यमंत्री बने तो उन्हें एक वर्ष समझने में लग गया, दूसरा वर्ष रिपोर्ट तैयार करने में लगा। उन्होंने कहा तीन वर्ष में सरकार ने हरियाणा का विकास किया, यही कारण है कि हम लगातार दूसरी बार सरकार बना पाएं हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अब समझने, रिपोर्ट तैयार करने का समय नहीं है बल्कि काम करने का है। सभी विधायक, नेता व कार्यकर्ताओं के बल पर सरकार हरियाणा में चहुमुखी विकास करेगी। हमने सक्षम मंत्रिमंडल का गठन किया है, सबको साथ लेकर चलेंगे।
उन्होंने कहा कि यह ठीक है कि हमारी सीटें 47 से घटकर 40 हुई हैं लेकिन विपक्ष की 67 से 40 हुई थीं। इसी से पता चलता है कि भाजपा के प्रति लोगों का विश्वास है। सभी लोग कहते थे कि क्या सरकार पांच वर्ष चलेगी, हमने इमानदारी, पारदर्शिता अपनाकर पांच वर्ष सरकार चलाकर दिखा दी।
भाजपा राष्ट्रीय महामंत्री व प्रदेश प्रभारी डॉ. अनिल जैन ने कहा कि हमने हारने वाले नेताओं का पक्ष सुना है। वे निराश न हों, पहले वे भी मजबूत नेता रहे हैं। संगठन उनके बल पर ही मजबूत हुआ है, दूसरी बार सरकार भी उन्हीं के बल पर बनी है। भाजपा कार्यकर्ताओं को गर्व होना चाहिए कि वे सबसे बड़ी पार्टी के कार्यकर्ता हैं। विश्व भी भाजपा के समक्ष नतमस्तक है। ऐसे में हारने वाले भी उत्साह बनाए रखें, हार-जीत होती रहती है। हारने वाले नेताओं को भी साथ लेकर उनकी प्रतिष्ठा का ध्यान रखा जाएगा।
डॉ. जैन ने कहा कि हमें गर्व है कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल ऐसे मुख्यमंत्री हैं जिन पर पांच वर्ष के कार्यकाल में एक भी भ्रष्टाचार का आरोप नहीं लगा। इससे पूर्व बैठक में पहुंचने पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल का गुरुग्राम के विधायक सुधीर सिंगला ने पुष्प गुच्छ देकर स्वागत किया।