आरोपी पर पहले से ही दर्ज है 15 आपराधिक मामले
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। सोहना शहर थाना क्षेत्र में पुलिस टीम पर गोली चलाने के आरोपी की जमानत याचिका जिला अदालत ने खारिज कर दिया है। यह आदेश अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश वर्षा जैन की अदालत ने दिया है।
पुलिस उपनिरीक्षक मोहित को तीन सितंबर 2025 को सूचना मिली थी कि जाहिद बिना नंबर प्लेट वाली काली अपाचे मोटरसाइकिल पर अवैध हथियार के साथ अपराध करने के इरादे से यात्रा कर रहा है। टीम ने अलग-अलग जगह पर बेरिकेड्स लगा दिए। रायपुर गांव से सोहना की तरफ से एक मोटरसाइकिल आती हुई दिखाई दी। पुलिस ने उसे रोकने का प्रयास किया, लेकिन वह भागने लगा। उसकी मोटरसाइकिल बैरिकेड से टकरा गई और वह गिर गया। इसके बाद उसने पुलिसकर्मियों पर गोली चलाई, जो पुलिस उपनिरीक्षक मोहित की बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी। पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की में जाहिद के बाएं पैर में गोली लगी और उसे हिरासत में ले लिया गया। उसके पास से एक देसी पिस्तौल और तीन जिंदा कारतूस बरामद हुए।
बचाव पक्ष ने अदालत में दलील दी कि झूठा फंसाया गया है और वह 4 सितंबर 2025 से हिरासत में है। इस मामले में 25 पुलिसकर्मी गवाह हैं और वे अदालत में पेश नहीं हो रहे हैं। अभियोजन पक्ष ने अदालत में दलील दी कि आरोपी एक आदतन अपराधी है और 15 अन्य मामलों में शामिल है। उन्होंने कहा कि जाहिद की पिछली जमानत याचिकाएं भी खारिज हो चुकी हैं।
पुलिस टीम पर गोली चलाने वाले अपराधी की जमानत याचिका खारिज
आरोपी पर पहले से 15 आपराधिक मामले है दर्ज
गुरुग्राम। सोहना शहर थाना क्षेत्र में पुलिस टीम पर गोली चलाने के आरोपी जाहिद की जमानत याचिका जिला अदालत ने खारिज कर दी है। यह आदेश अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश वर्षा जैन की अदालत ने दिया है। जाहिद पर पहले से 15 आपराधिक मामले दर्ज हैं।
पुलिस उपनिरीक्षक मोहित को 3 सितंबर 2025 को सूचना मिली थी। जाहिद बिना नंबर प्लेट वाली काली अपाचे मोटरसाइकिल पर अवैध हथियार के साथ यात्रा कर रहा था। पुलिस टीम ने अलग-अलग जगह बेरिकेड्स लगाए। रायपुर गांव से सोहना की तरफ से आती मोटरसाइकिल को रोकने का प्रयास किया गया। जाहिद भागने लगा और उसकी मोटरसाइकिल बैरिकेड से टकराकर गिर गई। इसके बाद उसने पुलिसकर्मियों पर गोली चलाई, जो उपनिरीक्षक मोहित की बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में जाहिद के बाएं पैर में गोली लगी और उसे हिरासत में लिया गया। उसके पास से एक अवैध पिस्तौल और तीन कारतूस बरामद हुए।
बचाव पक्ष ने अदालत में दलील दी कि जाहिद को झूठा फंसाया गया है। वह 4 सितंबर 2025 से हिरासत में है। उन्होंने यह भी कहा कि इस मामले में 25 पुलिसकर्मी गवाह हैं, लेकिन वे अदालत में पेश नहीं हो रहे हैं। अभियोजन पक्ष ने जाहिद को आदतन अपराधी बताया। उन्होंने बताया कि जाहिद 15 अन्य मामलों में शामिल है और उसकी पिछली जमानत याचिकाएं भी खारिज हो चुकी हैं।