सीवर लाइन और एसटीपी की कमी से बढ़ी समस्या, एचएसपीसीबी ने कार्रवाई की चेतावनी दी
संवाद न्यूज एजेंसी
मानेसर। नगर निगम मानेसर क्षेत्र की कई हाउसिंग सोसाइटियों में सीवर और गंदे पानी की समस्या लगातार बढ़ती जा रही है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि कई सोसाइटियां अभी तक सीवर लाइन से नहीं जुड़ी हैं, जबकि कई जगहों पर लगे सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट सही तरीके से काम नहीं कर रहे हैं। इसके कारण गंदे पानी को निजी टैंकरों के जरिये रात के समय खाली प्लॉटों और खुले मैदानों में डाला जा रहा है।
निवासियों का कहना है कि टैंकर चालक उपचार केंद्र तक गंदा पानी ले जाने के बजाय खर्च बचाने के लिए उसे सुनसान जगहों पर खाली कर देते हैं। इससे आसपास बदबू फैलती है। लोगों का कहना है कि यह समस्या केवल एक इलाके तक सीमित नहीं है, बल्कि मानेसर और न्यू गुरुग्राम के कई सेक्टरों में देखने को मिल रही है।
सेक्टर-90 स्थित वर्धमान फ्लोरा सोसाइटी के आरडब्ल्यूए अध्यक्ष नरेश कुमार यादव ने बताया कि उनकी सोसाइटी को ऑक्यूपेंसी सर्टिफिकेट (ओसी) मिल चुका है, लेकिन अब तक वहां सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट नहीं लगाया गया है। उन्होंने कहा कि इसी वजह से गंदे पानी को निजी टैंकरों के जरिये पास की खाली जमीन पर बहाया जा रहा है।
वहीं सेक्टर-90 के निवासी विकास गुप्ता ने आरोप लगाया कि उनकी सोसाइटी के पास कई बार टैंकर खुले में गंदा पानी डालते हुए देखे गए हैं। उन्होंने कहा कि कुछ टैंकरों पर तो रजिस्ट्रेशन नंबर भी नहीं होता।
एचएसपीसीबी अधिकारी मुकुल का कहना है कि इस मामले पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। यदि कोई टैंकर खुले में गंदा पानी डालते हुए पकड़ा जाता है, तो टैंकर चालक के साथ-साथ संबंधित सोसाइटी के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।