हर तरफ बिखरा शिवभक्ति का रंग, आज शिवालयाें में अर्पित करेंगे कांवड़िये
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। बुधवार को शिवरात्रि का त्योहार है। गंगोत्री, गोमुख और हरिद्वार से लाए पवित्र गंगा जल को भोले के भक्त अपने-अपने घरों के पास के शिवालयाें में अर्पित करेंगे। इन दिनों शहर की सड़कों और हाईवे पर शिव भक्ति का रंग बिखरा पड़ा है। किसी ने 50 किलो जल उठा रखा है तो कोई इससे भी ज्यादा वजनी कांवड़ उठाकर चल रहे हैं। रथों पर ज्योर्तिलिंगों की झलक, शिव परिवार की झलक, हरियाणवी और हिंदी शिवभक्ति के गीतों पर नाचते कांवड़िये राहगीरों के आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।
मंगलवार को सभी को अपने गंतव्य तक पहुंचने की जल्दी थी। सेक्टर 10ए के शिवालय में हरिद्वार से जल लेकर आने वाले समूह इंदर ने शिव की प्रतिमा को अपने कंधे पर उठा रखा था। करीब 40 किलो की कांवड़ भी साथ थी। समूह के युवा कांवड़ उठाने में सहयोग कर रहे थे। ऐसे ही कुछ और भोले के भक्त कांवड़िये भी नजर आए जिन्होंने कांवड़ियों की वेशभूषा में शिव की मूर्ति कंधे पर उठाकर यात्रा की। शिव की मूर्ति को डमरू, गले में सर्प, मुंडमाल के साथ शिव को काला चश्मा भी लगा रखा था।
शिविर में 12 वर्षो से सेवा कर रहीं रेणु वर्मा
रोशनपुरा निवासी रेणु वर्मा घंटेश्वर मंदिर में कांवड़ियों की सेवा में पिछले 12 वर्षों से जुटी हुई हैं। वे कांवड़ियों के जख्मी पैरों पर दवा लगाती हैं। उनके लिए भोजन, फल, पानी और जरूरी सुविधाओं का ख्याल रखती हैं। रेणु ने बताया कि कोई मन्नत या मकसद नहीं है। सेवा में लगकर अच्छा लगता है। वे हर साल इस कांवड़ शिविर में पूरे समय रहकर पूरी शिद्दत से सेवा करती हैं। उनके व्यवसायी पति कांवड़ियों की सेवा और भंडारे की व्यवस्था करते हैं। वे कहती हैं कि उनके बच्चे भी उनके साथ सेवाकार्य में जुटे रहते हैं।
30 साल से गंगोत्री से जल ला रहा सिकंदपुर का दल
सिकंदरपुर गांव के लोगों ने सरहौल टोल से थोड़ा आगे स्कवायर बिल्डिंग के सामने कांवड़िया शिविर लगाया है। हाईवे से गुजरने वाले बड़ी संख्या में कांवड़ियों, महाकांवड़ समूह के लोगों ने यहां विश्राम किया। गांव का एक समूह करीब 30 साल से गंगोत्री से जल लाकर सिकंदरपुर के शिवालय में अर्पित करता है। गांव के प्रवीण यादव, अजीत कुमार, अनूप यादव, रवि यादव, मन्नू यादव आदि की टीम 600 किमी दूर गंगोत्री से गंगाजल लेकर शिविर में आ गई है। सतीश यादव ने बताया कि भक्ति और सेवा का भाव ग्रामीणों में है। कादीपुर स्थित बाबा रतन दास मंदिर के पास लगे शिविर में कादीपुर गांव के डागर परिवार के लोग कांवड़ियों की सेवा में जुटे हैं। शिविर में सेवा कार्य में जुटे राजीव डागर ने बताया कि यह इस शिविर का 25वां साल है। यहां से शिव की बरात की झांकी निकलेगी, जो कादीपुर स्थित बाबा रतनदास मंदिर तक पहुंचेगी। झाड़सा गांव के लोगों ने राजीव चौक और झाड़सा चौक पर कांवड़िया शिविर लगाया है।