एनएचएआई ने दिसंबर तक हाईवे को शुरू करने का लक्ष्य तय किया
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। गुरुग्राम-रेवाड़ी हाईवे के निर्माण में बाधा डालने वाली बिजली लाइनों को स्थानांतरित करने का काम तेजी से चल रहा है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने दिसंबर तक हाईवे को शुरू करने का लक्ष्य तय किया हैै। ऐसे में अधूरे कार्यों को पूरा करने के लिए काम चल रहा है।
एनएचएआई की ओर से गुरुग्राम-रेवाड़ी हाईवे परियोजना पर कार्य चल रहा है और इस साल के अंत तक परियोजना पूरी होने की उम्मीद है। इस परियोजना के लिए एनएच-352 डब्ल्यू के द्वारका एक्सप्रेसवे से वजीरपुर चौक (0-6 किमी) खंड में कई ईएचटी और एलटी/एचटी लाइन हैं, जिन्हें स्थानांतरित या ऊंचा किया जा रहा है। हाईवे के दायरे में आ रहे 66 केवी हरसरू-फर्रुखनगर लाइन की ऊंचाई बढ़ाई गई है। इसी प्रकार हाईवे के बीच 400 केवी दौलताबाद-सेक्टर-72 लाइन पर काम चल रहा है। द्वारका एक्सप्रेसवे से वजीरपुर चौक से गुरुग्राम-पटौदी रोड 400 केवी बमरौली-तुगलकाबाद लाइन को स्थानांतरित कर नए टावर लगाए गए हैं।
परियोजना के देरी पर केंद्रीय राज्य मंत्री राव इंद्रजीत लगातार सवाल उठा रहे हैं। दो दिन पहले केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के सामने भी परियोजना के देर होने का मामला उठाया था। दूसरा दिल्ली-जयपुर हाईवे पर तीन जगह पर फ्लाईओवर का निर्माण कार्य चल रहा है। इससे हाईवे पर रोज यातायात प्रभावित रहता है। यदि गुरुग्राम-रेवाड़ी हाईवे शुरू हो जाता है तो दिल्ली-जयपुर हाईवे के वाहन चालकों को राहत मिलेगी। दूसरा फ्लाईओवर निर्माण कार्य में तेजी जाएगी। गुरुग्राम-रेवाड़ी हाईवे के परियोजना निदेशक योगेश तिलक ने कहा द्वारका एक्सप्रेसवे पर फ्लाईओवर बनाने से द्वारका एक्सप्रेसवे और गुरुग्राम-रेवाड़ी हाईवे के बीच यातायात सुगम होगा। निर्माण कार्यों को सिरे चढ़ाया जा रहा है।
पहाड़ी आरओबी का निर्माण जरूरी
एनएचएआई ने गुरुग्राम-पटौदी-रेवाड़ी हाईवे को दिसंबर तक पूरा करने का लक्ष्य रखा है लेकिन पहाड़ी आरओबी निर्माण का कार्य काफी पीछे है। एनएचएआई के परियोजना निदेशक योगेश तिलक ने बताया कि लंबित कार्यों को पूरा कराया जा रहा है। पहाड़ी आरओबी का निर्माण सबसे प्रमुख है। अन्य जगहों पर अधूरे कार्य के दौरान भी यातायात संचालित किया जा सकता है लेकिन पहाड़ी में आरओबी निर्माण कार्य पूरा किए बिना वाहनों के लिए नहीं खोला जा सकता है। ऐसे में इस परियोजना में पहाड़ी आरओबी के निर्माण कार्य पूरा करने पर पूरा जोर है।