साइबर पुलिस ने ठगे गए 8.77 करोड़ रुपये कराए होल्ड, 3557 शिकायतों की जांच करने के बाद दर्ज हुए 140 मामले
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। साइबर ठगी का शिकार हुए लोगों को शीघ्र न्याय दिलाने के लिए गुरुग्राम पुलिस की ओर से लगातार कार्रवाई की जा रही है। नवंबर माह के दौरान पुलिस ने 214 साइबर ठगों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने ऑनलाइन माध्यम से लोगों से ठगे गए 8.77 करोड़ रुपये होल्ड कराए। पुलिस ने विभिन्न मामलों में ठगी गई राशि में से करीब 3.50 करोड़ रुपये पीड़ितों को वापस कराए हैं।
पुलिस आयुक्त विकास अरोड़ा के निर्देशन और सहायक पुलिस आयुक्त (साइबर अपराध) प्रियांशु दीवान के नेतृत्व में गुरुग्राम के चारों जोन के साइबर थानों की पुलिस ने कार्रवाई की है। गुरुग्राम पुलिस की साइबर टीमों की ओर से मॉड्यूलर साइबर गिरोहों की पहचान करके बैंकिंग, टेलीकॉम व फाइनेंशियल संस्थानों के साथ समन्वयक करके ठगों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। तकनीकी निगरानी, डिजिटल ट्रेसिंग व अकाउंट फ्रीजिंग की प्रक्रिया भी तेजी से कराया जाता है।
नवंबर में साइबर ठगों के खिलाफ दर्ज हुई 140 एफआईआर
नवंबर माह के दौरान साइबर ठगी संबंधित 3557 शिकायतें गुरुग्राम के चारों साइबर अपराध थानों में प्राप्त हुईं। शिकायतों की छानबीन करने के बाद मामलों में अज्ञात साइबर ठगों के खिलाफ 140 प्राथमिकी दर्ज करके कार्रवाई की गई। पुलिस ने संगठित गिरोहों और व्यक्तिगत साइबर अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 214 आरोपियों को गिरफ्तार किया। इनमें बैंकिंग फ्रॉड, ओटीपी फ्रॉड, ऑनलाइन ट्रेडिंग, निवेश ठगी, सोशल मीडिया आधारित अपराध, नौकरी दिलाने, बैंककर्मी बनकर, कस्टमर केयर का कर्मी बनकर ठगी से जुड़े अपराधी शामिल रहें।
8.77 करोड़ रुपये कराए होल्ड
गुरुग्राम पुलिस की साइबर टीमों ने तकनीकी कार्रवाई व बैंकिंग संस्थानों के सहयोग से नवंबर माह में कुल 8,77,00,395 की राशि संदिग्ध खातों में होल्ड (फ्रीज) करवाई। इससे पीड़ितों की आर्थिक क्षति होने से बचाई गई। वहीं, साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 और त्वरित प्रतिक्रिया तंत्र के माध्यम से ने पुलिस ने नवंबर माह में कुल 3,52,66,462 रुपये पीड़ितों के खातों में रिफंड कराए।
वर्जन
साइबर ठगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार करके जेल भेजा जा रहा है। पुलिस टीमें आधुनिक तकनीक की मदद से साइबर ठगों तक पहुंच रही हैं। मामले की जानकारी मिलते ही ठगी गई राशि को भी होल्ड कराया जाता है। लोगों को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करने के लिए अभियान चलाए जा रहे हैं।
- प्रियांशु दीवान, सहायक पुलिस आयुक्त (साइबर अपराध), गुरुग्राम।