अप्रैल में मांगे थे आवेदन, अब तक शुरू नहीं हुई नर्सरी
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। खिलाड़ियों की पौध तैयार करने के लिए गुरुग्राम के संस्थानों में 22 नई खेल नर्सरी शुरू होनी थीं। खेल नर्सरी के लिए इसी साल अप्रैल में आवेदन मांगे गए थे। अप्रैल के अंत में जिला खेल विभाग की कमेटी ने आवेदन करने वाले संस्थानों में निरीक्षण करके खेल विभाग को रिपोर्ट भेज दी थी। अभी तक खेल नर्सरी शुरू करने के लिए कोई दिशा-निर्देश नहीं आए हैं। ऐसे में आवेदन करने वाले संस्थान और खिलाड़ी नई खेल नर्सरी खुलने का इंतजार कर रहे हैं।
आवेदनकर्ता कई बार जिला खेल कार्यालय में नई खेल नर्सरी के संदर्भ में संपर्क कर चुके हैं। लेकिन खेल विभाग की ओर से नर्सरी शुरू करने से संबंधित कोई दिशा-निर्देश नहीं आने का जवाब मिलता है। संस्थानों ने वॉलीबॉल, बॉक्सिंग, याेगा, फुटबॉल, हैंडबॉल, भारोत्तोलन, बैसबॉल, तीरंदाजी, बॉस्केटबाॅल, क्रिकेट, कुश्ती, कबड्डी सहित अन्य खेलों की नर्सरी के लिए आवेदन किए थे। गुरुग्राम में वर्तमान में विभिन्न सरकारी व निजी संस्थानों में खेल विभाग की ओर से 16 खेल नर्सरी संचालित की जा रही हैं। इसके अलावा जिला खेल विभाग के 15 प्रशिक्षक भी खेल नर्सरी में खिलाड़ियों को प्रशिक्षण दे रहे हैं।
खेल नर्सरी के लिए नियम :
हरियाणा खेल विभाग के नियमानुसार एक खेल नर्सरी में 25 खिलाड़ी ट्रायल के आधार पर चयन किए जाते हैं। ये खिलाड़ी आठ से 19 वर्ष के आयुवर्ग के होंगे। नर्सरी में चयनित 8-14 आयुवर्ग के खिलाड़ियों को 1500 रुपये और 15-19 आयुवर्ग वाले खिलाड़ियों को 2000 रुपये छात्रवृत्ति खेल विभाग की ओर से प्रतिमाह दी जाती है। खिलाड़ी की नर्सरी में कम से कम प्रतिमाह 22 उपस्थिति हों। प्रशिक्षण देने वाले प्रशिक्षकों का मानदेय भी खेल विभाग द्वारा दिया जा रहा है। शेड्यूल अनुसार सुबह दो घंटे व शाम में तीन घंटे प्रशिक्षण जरूरी है।
वर्जन
खेल नर्सरी के लिए 22 आवेदन आए थे। खेल नर्सरी स्थलों का निरीक्षण करने के उपरांत रिपोर्ट खेल विभाग के मुख्यालय को भेजी गई थी। खेल विभाग की ओर से नर्सरी शुरू करने से संबंधित अभी कोई निर्देश नहीं आए हैं।
- संधु बाला, जिला खेल एवं युवा कार्यक्रम अधिकारी, गुरुग्राम।