गुरुग्राम। बिजली चोरी पर लगे जुर्माने के खिलाफ डाली गई याचिका को जिला अदालत ने खारिज कर दिया है। यह आदेश सिविल जज किम्मी सिंगला की अदालत ने दिया है। फाजिलपुर की ढाणी निवासी नाहर सिंह ने अदालत में दायर की याचिका में बताया कि 15 जनवरी 2017 को बिजली निगम कर्मियों ने उनके मीटर की जांच की। 18 जनवरी को निगम की तरफ से उन पर मीटर के साथ छेड़छाड़ कर बिजली चोरी की बात कहकर 89 हजार रुपये का जुर्माना लगा दिया गया। बिजली निगम की तरफ से दलील दी गई कि याचिकाकर्ता ने तीन किलोवाट का बिजली मीटर लिया हुआ है लेकिन उनके परिसर में 30 कमरे बने हुए हैं। ऐसे में 30 कमरों को लोड तीन किलोवाट का मीटर नहीं ले सकता। इसके साथ ही मीटर की जब लैब में जांच की गई तो मीटर के तारों के साथ छेड़छाड़ किया हुआ है। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद याचिका को खारिज करते हुए कहा कि 30 कमरों के लिए मीटर का लोड पर्याप्त नहीं था। इसके साथ ही बिजली चोरी से जुड़े मामले सिविल अदालत के क्षेत्राधिकार से बाहर है। संवाद