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Gurugram News: बसई रोड़ पर उड़ रही धूल से लोग परेशान

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ग्रैप के नियमों की उड़ रहीं धज्जियां, पानी का छिड़काव भी साबित हो रहा नाकाफी
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संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। ग्रैप लागू होने के बाद भी शहर के बसई रोड की हालत जर्जर बनी हुई है। इससे लोगों व व्यापारियों को आवाजाही में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। यह सड़क द्वारका एक्सप्रेसवे को भी जोड़ती है। यही रास्ता नागरिक अस्पताल के लिए भी जाता है। सड़क की हालत खराब होने की वजह से हमेशा धूल-मिट़्टी उड़ती है। शहर में ग्रैप के नियमों की धज्जियां उड़ती दिखाई रही हैं।
वहीं, दूसरी ओर सड़क छोटे-बड़े गड्ढों में तब्दील हो गई है। इससे यातायात प्रभावित होता है और जाम की समस्या भी उत्पन्न होती है। स्थानीय लोगों ने बताया कि इस सड़क की हालत करीब तीन से चार महीने से जर्जर है लेकिन प्रशासन इस पर ध्यान नहीं दे रही हैं। इस कई बार हादसा हो चुका है और कई बार सड़क धंस गई थी। नगर निगम सड़क पर पानी का छिड़काव करा रहा लेकिन नाकाफी साबित हो रहा है। जीएमडीए की प्रवक्ता ने बसई रोड के कुछ भाग को पैच वर्क कराया गया है। अन्य को ठीक कराया जाएगा।
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दुकानदार बोले-ग्राहक आने से कतरा रहे

सड़क की हालत जर्जर होने के कारण धूल-मिट्टी ज्यादा उड़ती है, जिससे दुकान में रखा समान गंदा दिखता है। कई समान खराब भी हो जाते हैं। दुकान के बाहर बार-बार पानी का छिड़काव करना पड़ता है। - रीता सैनी, व्यापारी
सड़क खराब होने की वजह से बारिश के समय दुकानों तक में पानी भर जाता है, जिसकी निकासी में करीब दो दिन से ज्यादा लग जाता है। इससे ग्राहक दुकानों पर आने से कतराते हैं। - सलीम अहमद, दुकानदार
इस सड़क पर रोहड़ी और धूल-मिट्टी ज्यादा है, जिससे वाहनों की आवाजाही के कारण धूल-मिट्टी ज्यादा उड़ती है। इससे सांस लेने और गले में खराश की समस्या बढ़ हाेती है। - बीर सिंह गुलिया, दुकानदार
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इस सड़क पर कई छोटे-बड़े गड्ढे हैं, जिसकी वजह से कई बार हादसा हो चुका है। सड़क जर्जर होने के कारण सांस लेने जैसी परेशानियां बढ़ रही हैं। -उदय वीर सिंह
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आरडब्ल्यूए ने संभाली सफाई की जिम्मेदारी

गुरुग्राम। शहर में बढ़ते प्रदूषण के बीच गुरुग्राम के सेक्टर-23 ए के निवासियों को धूल-मिट्टी की समस्या से जूझना पड़ रहा है। मुख्य सड़कों पर मिट्टी और कचरे के ढेर जमा होने से लोगों को आवाजाही में दिक्कत हो रही है। हालात इतने खराब हो गए हैं कि स्थानीय निवासी सांस संबंधी दिक्कतों की शिकायत करने लगे हैं। नगर निगम की ओर से सफाई व्यवस्था पर ध्यान न दिए जाने के कारण आरडब्ल्यूए (रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन) ने खुद पहल करते हुए अपने बजट से सफाई कार्य शुरू कराया है। आरडब्ल्यूए सदस्यों का कहना है कि कई बार नगर निगम को शिकायत दी गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। सेक्टर-23 ए प्रधान नीरु यादव बताती हैं कि मजबूरन उन्हें अपने खर्चे पर सड़कों की सफाई करवानी पड़ रही है। प्रदूषण नियंत्रण के लिए निगम को सड़कों की नियमित सफाई और पानी का छिड़काव करना चाहिए, ताकि धूल कम हो सके। संवाद
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