मेडिकल कराने के बाद पुलिस उपायुक्त के समक्ष किया पेश, औपचारिकताएं पूरी करने के बाद किया रिहा
मामले में 12 नामजद सहित कांग्रेसी नेताओं व कार्यकर्ताओं पर प्राथमिकी दर्ज
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। मुख्यमंत्री के काफिले को काले झंडे दिखाने के मामले में नौ कांग्रेसी कार्यकर्ताओं को शनिवार को जमानत पर छोड़ दिया गया। शनिवार की दोपहर को मेडिकल कराने के बाद गिरफ्तार किए गए कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को पुलिस उपायुक्त (पश्चिम) करण गोयल के समक्ष पेश किया। जमानत संबंधी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद सभी नौ कार्यकर्ताओं को रिहा कर दिया गया। इस मामले में सिविल लाइंस थाने के प्रभारी सहित करीब 16 पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया है।
बता दें कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के काफिले की सुरक्षा में बाधा डालने व पुलिसकर्मियों के साथ मारपीट करने संबंधी धाराओं में 12 नामजद समेत कई कांग्रेसी नेताओं व कार्यकर्ताओं पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। यह घटना 21 अगस्त को मुख्यमंत्री के गुरुग्राम दौरे के दौरान हुई थी, जिसमें कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री के काफिले को काले झंडे दिखाए थे। कार्यकर्ताओं के खिलाफ सिविल लाइंस थाने में एएसआई चांद राम की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस को दी शिकायत में एएसआई चांद राम ने बताया कि वे 21 अगस्त को मुख्यमंत्री के गुरुग्राम आगमन के दौरान लॉ एंड ऑर्डर ड्यूटी के तहत क्यूआरटी वेस्ट टीम के साथ सिविल लाइंस रोड पर तैनात थे। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद मुख्यमंत्री का काफिला जॉन हॉल से राजीव चौक की ओर रवाना हुआ। आरोप है कि राजीव चौक की ओर लगभग 100 मीटर आगे बढ़ते ही बाई ओर की गली से कुछ लोग अचानक सड़क पर आ गए और काफिले के सामने पहुंचकर रास्ता अवरुद्ध कर दिया। इसके चलते सुरक्षा कारणों से काफिले को तत्काल दाई ओर से मोड़कर निकाला गया। शिकायत के अनुसार, पुलिस टीम मौके पर पहुंची और प्रदर्शन कर रहे लोगों को हटाने व नारेबाजी बंद करने का अनुरोध किया, लेकिन उन्होंने पुलिस के वैधानिक आदेशों की अनदेखी की। आरोप है कि इस दौरान कुछ लोगों ने एएसआई चांद राम और क्यूआरटी के अन्य जवानों के साथ धक्का-मुक्की व हाथापाई की। वहीं, एएसआई की वर्दी भी फाड़ दी। इस झड़प में एएसआई चांद राम व ईएचसी कर्मबीर घायल हो गए। दोनों पुलिसकर्मियों का सेक्टर-10 स्थित नागरिक अस्पताल में मेडिकल कराया गया है।
इन लोगों के नाम प्राथमिकी में शामिल
पुलिस ने कांग्रेसी ग्रामीण जिलाध्यक्ष वर्धन यादव, शहरी जिलाध्यक्ष पंकज डाबर, हरकेश, अमन प्रजापत, राजीव यादव, नीरज यादव, विकास हुड्डा, मुकेश डागर, शिव, निखिल, अनुज और डॉ. हरेन्द्र सहरावत को प्राथमिकी में नामजद किया है। शिकायत में 5-6 अन्य अज्ञात लोगों का भी उल्लेख है, जो घटना के बाद मौके से भाग गए थे। पुलिस के अनुसार मौके से हरकेश नामक एक आरोपी को काबू कर लिया गया।
सिविल लाइंस थाने में पहुंचे कांग्रेस कार्यकर्ता
शनिवार की सुबह कांग्रेसी कार्यकर्ता सिविल लाइंस थाने में पहुंचे थे। गिरफ्तार किए गए नौ कार्यकर्ताओं को सिविल लाइंस थाने में रखा गया था। सुरक्षा के मद्देनजर अतिरिक्त पुलिसबल को थाने के गेट के साथ ही परिसर के अंदर व बाहर तैनात किया गया था। किसी भी व्यक्ति को थाने के अंदर नहीं जाने दिया जा रहा था। पुलिसकर्मियों ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं को शांतिपूर्वक रहने और कोई नारेबाजी या हुड़दंग नहीं करने के निर्देश दिए थे। हालांकि, काफी कम संख्या में ही कांग्रेस कार्यकर्ता सिविल लाइंस थाने पहुंचे थे।