राष्ट्रीय उपभोक्ता आयोग ने गुरुग्राम में फ्लैट खरीदारों को बड़ी राहत दी है। आयोग ने आवासीय परियोजना में पांच फ्लैद खरीदारों द्वारा भुगतान की गई राशि की पूर्ण वापसी का आदेश दिया है। इसके अलावा दिल्ली के दो बिल्डरों को निर्देश दिया है कि वे फ्लैट को देने में देरी के लिए नौ प्रतिशत ब्याज का भी भुगतान करें।
बता दें कि फ्लैट खरीदारों ने 2011 और 2012 में गुरुग्राम के सेक्टर-37 सी में 'राइज' परियोजना में फ्लैट को बुक किया था। इसे रामप्रस्थ प्रमोटर्स और डेवलपर्स और ब्लू बेल प्रोटेक द्वारा प्रमोट किया गया था। समझौते के अनुसार, खरीदारों के साथ प्रमोटरों ने सितंबर 2015 तक फ्लैटों को सौंपने का वादा किया था।
2016 में दायर की गई पांच उपभोक्ता शिकायतों का निपटारा करते हुए एनसीडीआरसी की सदस्य जस्टिस दीपा शर्मा ने खरीदारों को ब्याज के साथ पूर्ण राशि वापसी का आदेश दिया है। साथ ही प्रत्येक मामले में 25 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। प्रमोटरों को चार सप्ताह में पूरा भुगतान करने का निर्देश दिया गया है। हालांकि, बिल्डरों की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।