कूलर के आगे रखकर गर्मी से बचाई जान
बस अड्डा पर बच्चा मिलने के बाद रोडवेज कर्मचारियों व वहां मौजूद दुकानदारों ने बच्चे की मां या अन्य परिजनों के बारे में पूछताछ की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिल सकी। पूछताछ केंद्र पर मौजूद परिचालक नितिन ने डायल 112 पर कॉल करके पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। जिसके बाद ईआरवी की टीम मौके पर पहुंची। हालांकि बस अड्डा के पूछताछ केंद्र पर मौजूद स्टाफ ने बच्चे को पानी पिलाने के साथ ही कूलर के आगे रखा, ताकि उसका कर्मी से बचाव हो सके।
अस्पताल में स्वस्थ है बच्चा
ईआरवी की टीम ने सेक्टर-14 थाने की पुलिस को सूचना देकर मौके पर बुलाया। सेक्टर-14 थाने की पुलिस ने बच्चे को सेक्टर-10 स्थित नागरिक अस्पताल में पहुंचाकर उसके स्वास्थ्य की जांच कराई। बच्चे को अस्पताल के बाल स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती किया गया और फिलहाल बच्चे का स्वास्थ्य ठीक है। पुलिस बस अड्डा परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर बच्चा रखकर जाने वाले की पहचान करने में जुटी है।
ट्रांसजेंडर ने बच्चे को सीने से लगाकर संभाला
जहां एक महिला ने अपने कलेजे के टुकड़े को इस गर्मी में बस अड्डा परिसर में शौचालय के आगे धूप में छोड़ दिया था। वहीं, बस अड्डा परिसर में यात्रियों से रुपये मांगने वाली एक ट्रांसजेंडर ने बच्चे को सीने से लगाकर संभाला। बताया जा रहा है कि उक्त ट्रांसजेंडर ने ही बस अड्डा के पास से दूध खरीदने के साथ ही एक बोतल लेकर बच्चे को दूध पिलाया, ताकि उसकी भूख शांत हो सके। बस अड्डा पर पुलिस की कार्रवाई के दौरान भी टांसजेंडर ही बच्चे को संभाले हुई थी। इसके बाद सेक्टर-14 थाने की आई पुलिस टीम में एक महिला पुलिसकर्मी बच्चे को लेकर नागरिक अस्पताल लेकर गई।
पुलिस का बयान
बच्चे को छोड़ने वाली महिला या अन्य की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। बस अड्डा परिसर व आसपास सड़कों पर लगे कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। जल्द ही बच्चे को बस अड्डा परिसर में छोड़ने वाले की पहचान करके आगामी कार्रवाई की जाएगी। - अशोक कुमार, जांच अधिकारी, सेक्टर-14 थाना।