गुरुग्राम। चंडीगढ़ से आई ऑडिट टीम शनिवार को लगातार तीसरे दिन भी सेक्टर-34 स्थित नगर निगम कार्यालय में मौजूद रही। इस दौरान टीम ने विभिन्न विभागों से कई अहम दस्तावेज खंगाले। कथित तौर पर पूर्व में नगर निगम में हुए कई घोटालों को ध्यान में रखते हुए ऑडिट टीम अपना काम कर रही है। टीम के पास निगम में हुई गड़बड़ियों का पूरा चिट्ठा मौजूद है और उसी के मुताबिक दस्तावेज एकत्र करने में लगी हुई है। कहा जा रहा है कि टीम ने राजस्व विभाग से संबंधित कई अहम दस्तावेज एकत्र किया है, जिसे टीम अपने साथ चंडीगढ़ लेकर जाएगी।
मालूम हो कि शहरी निकाय मंत्री अनिल विज ने गुरुग्राम व फरीदाबाद नगर निगम का स्पेशल ऑडिट कराने की बात कही थी। इसी क्रम में चंडीगढ़ से विशेष टीम गुरुग्राम पहुंची है और पिछले तीन दिन से सेक्टर-34 स्थित नगर निगम कार्यालय में दस्तावेज खंगाल रही है। वहीं, ऑडिट टीम के आने के बाद प्लानिंग व इंजीनियरिंग विभाग समेत कई अन्य विभागीय अधिकारियों में बेचैनी बढ़ गई है। हालांकि, इस बारे में नगर निगम के अधिकारी व कर्मचारी कुछ भी बोलने से बच रहे हैं।
इन गड़बड़ियों की परतें खंगालेगी टीम
नगर निगम में पूर्व में जिन गड़बड़ियों को लेकर सबसे ज्यादा बवाल मचा है, उनमें सीएंडडी वेस्ट, स्ट्रीट वेंडिंग, यूनिपोल पर अवैध विज्ञापन लगाने, रेहड़ी अलॉटमेंट समेत कुछ मामले शामिल हैं। सीएंडडी वेस्ट निपटारे पर हुई धांधली व स्ट्रीट वेंडिंग जोन में रेहड़ी अलॉटमेंट में हुई करोड़ों रुपये की धांधली का मुद्दा तो नगर निगम की बैठक में भी कई बार उठाया जा चुका है। वहीं, काम न करने के बावजूद इकोग्रीन को लगातार हो रहे भुगतान के मामले पर भी पार्षद नाराजगी जता चुके हैं। यूनिपोल पर लगाए जा रहे अवैध विज्ञापनों को लेकर वार्ड-21 के पार्षद धर्मबीर काफी मुखर रहे हैं। ऐसे में इन तमाम गड़बड़ियों की जांच के मद्देनजर टी म के अभी कुछ दिन और गुुरुग्राम में ही रहने की संभावना है।