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जुनैद-नासिर हत्याकांड: मोनू को व्हाट्सएप पर रिंकू ने भेजी थी तहरीर की फोटो, दोनों के बीच इतनी बार हुई थी बात

Thu, 14 Sep 2023 07:15 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, नगीना

सार

राजस्थान पुलिस को रिमांड के दौरान मोनू मानेसर से नासिर-जुनैद हत्याकांड के कई अहम सुराग मिले हैं। जुनैद-नासिर हत्याकांड में रिंकू व मोनू की बातचीत के पुख्ता सबूत हैं। आरोपी रिंकू सैनी ने ही व्हाट्सएप पर 16 फरवरी को इस्माइल द्वारा गोपालगढ़ थाने में दी गई तहरीर की फोटो मोनू को भेजी थी।
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monu manesar - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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जुनैद-नासिर हत्याकांड के 24 घंटे के अंदर 17 फरवरी को पकड़े गए आरोपी रिंकू सैनी ने ही व्हाट्सएप पर 16 फरवरी को इस्माइल द्वारा गोपालगढ़ थाने में दी गई तहरीर की फोटो भेजी थी। इसका मोनू मानेसर ने जवाब भी दिया था। दोनों के बीच 15 फरवरी को नौ और 16 फरवरी को पांच बार फोन पर बात हुई थी। 
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राजस्थान पुलिस को रिमांड के दौरान मोनू मानेसर से नासिर-जुनैद हत्याकांड के कई अहम सुराग मिले हैं। जिला डीग के पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय ने बताया कि मोनू को पकड़ने के लिए राजस्थान पुलिस ने जाल बिछाया था। इसी के तहत यह बात फैलाई गई कि जुनैद-नासिर हत्याकांड में मोनू मानेसर निर्दोष है। 

मंगलवार रात मोनू मानेसर से हुई पूछताछ के दौरान मिली जानकारियों के आधार पर पुलिस जांच में जुट गई है। रिंकू व मोनू की बातचीत के पुख्ता सबूत हैं। हरियाणा में भिवानी के लोहारू क्षेत्र में 16 फरवरी को राजस्थान के गांव घाटमिका निवासी जुनैद-नासिर की हत्या हुई थी। 
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अगले दिन गिरफ्तार रिंकू सैनी के बयान के आधार पर सात महीने बाद मोनू मानेसर की गिरफ्तारी हुई है। तब रिंकू ने बताया था कि मोनू मानेसर हत्याकांड का मास्टरमाइंड है। इसके बाद राजस्थान पुलिस ने भिवानी जिले के नरेंद्र उर्फ मोनू राणा और गोगी को गिरफ्तार किया था।
 

राजस्थान पुलिस ने 16 मई को कोर्ट में पहला आरोप पत्र दाखिल किया था। इसके मुताबिक, वारदात के बाद थाने में दी गई 16 फरवरी को दर्ज केस के मजमून की फोटो भी फॉरवर्ड की थी। इसमें गाली के साथ लिखा है कि नामजद केस हुआ है। उस वक्त रिंकू और मोनू के बीच संपर्क लगातार बना हुआ था।
 

मोनू मानेसर की गिरफ्तारी नाकाफी, अन्य भी पकड़े जाए
जिला डीग के गांव घाटमिका के जुनैद-नासिर की मौत को सात महीने हो गए लेकिन राजस्थान पुलिस केवल चार आरोपियों को गिरफ्तार कर पाई है। अभी 26 आरोपियों की गिरफ्तारी बाकी है। मंगलवार को मोनू मानेसर की गिरफ्तारी पर नासिर और जुनैद के परिजन भी हैरान है कि सात माह से हाथ पर हाथ धरे बैठी रही राजस्थान पुलिस को अचानक क्या हुआ कि नूंह कोर्ट से मोनू मानेसर को प्रोडक्शन वारंट पर ले आई।

जुनैद की पत्नी साजिदा कहती हैं कि अकेले मोनू मानेसर की गिरफ्तारी नाकाफी है। जिन्होंने पति को मारा उन सभी की गिरफ्तारी जरूरी है। सभी 30 आरोपियों पर राजस्थान सरकार एक-एक लाख का इनाम रखे। मामले को फास्ट ट्रैक अदालत में चलाकर सजा कराई जाए।
 

उन्होंने कहा कि मोनू मानेसर पर तो राजस्थान पुलिस ने कोई इनाम नहीं रखा था। राजस्थान पुलिस मोनू के खिलाफ कार्रवाई करने के मूड में नहीं थी, शायद इसीलिए केस से उसका नाम भी निकाल रही थी। परिजनों और लोगों के विरोध को देखते हुए बाद में चार्जशीट में मोनू मानेसर का नाम शामिल किया गया। 

 
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इसके बाद भी पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी को कोई तत्परता नहीं दिखाई और न ही उस पर कोई इनाम घोषित किया। वहीं, नासिर की पत्नी परमीना ने प्रदेश के मुख्यमंत्री की तारीफ करते हुए कहा कि उन्होंने हमारी पुकार सुनी। मोनू मानेसर को गिरफ्तारी से तसल्ली हुई है। मामले के अन्य आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार किया जाए।
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