मानेसर। क्षेत्र में पिछले कुछ दिनों से बढ़ी उमस का असर लोगों की सेहत पर भी दिखाई देने लगा है। नखडौला और भांगरौला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में रोजाना मरीजों की संख्या बढ़ रही है। डॉक्टरों के अनुसार, सबसे ज्यादा मरीज डिहाइड्रेशन, जुकाम और खांसी की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं। मंगलवार को नखडौला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में करीब 40 से 45 मरीज इलाज के लिए पहुंचे, जबकि भांगरौला पीएचसी में करीब 50 मरीजों की ओपीडी दर्ज की गई। नखडौला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टर तरुण चोपड़ा ने बताया कि लगातार बनी उमस के कारण शरीर से अधिक मात्रा में पसीना निकलता है। ऐसे में शरीर में पानी की कमी होने का खतरा बढ़ जाता है।
नौरंगपुर में 85 लोगों की हुई स्क्रीनिंग
नखडौला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की ओर से गांव नौरंगपुर में टीबी मरीजों की पहचान के लिए स्वास्थ्य जांच शिविर लगाया गया। शिविर में लोगों की जांच कर उन्हें टीबी के लक्षणों के बारे में भी जानकारी दी गई। शिविर के दौरान करीब 85 लोगों की स्क्रीनिंग की गई, जबकि 35 लोगों के एक्स-रे किए गए। जिन लोगों में टीबी के लक्षण मिले, उनके बलगम के नमूने लेकर आगे की जांच के लिए भेजे गए हैं। जांच रिपोर्ट में अगर किसी व्यक्ति में टीबी की पुष्टि होती है तो उसका इलाज प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की ओर से पूरी तरह निशुल्क किया जाएगा।