डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को देखने के लिए हनीप्रीत सोमवार सुबह साढ़े आठ बजे मेदांता अस्पताल पहुंची। जहां जांच के बाद उसको अस्पताल परिसर में दाखिल होने की अनुमति मिल गई। हनीप्रीत 15 जून तक बाबा राम रहीम की देखभाल करेगी। इसके लिए अस्पताल प्रबंधन की तरफ से पास भी बना दिया गया है।
पेट में दर्द की शिकायत के बाद रोहतक पीजीआई में भर्ती राम रहीम की कई अन्य जांच होनी थीं। जिसके लिए अस्पताल प्रबंधन ने उसे मेदांता में भर्ती करने का सुझाव दिया था। इसके बाद रविवार को गुरमीत राम रहीम को मेदांता लाया गया था। मेदांता में भर्ती होने के बाद से ही राम रहीम हनीप्रीत से मिलने की जिद कर रहा था। काफी विचार विमर्श के बाद अंतत: हनीप्रीत को राम रहीम से मिलने की अनुमति दे दी गई।
सुशीला कटारिया की देखभाल में चल रहा इलाज
मेदांता अस्पताल की वरिष्ठ फिजीशियन सुशीला कटारिया की देखरेख में गुरमीत राम रहीम का इलाज चल रहा है। सूत्रों के मुताबिक अस्पताल में उसकी सीटी स्कैन व एंजियोग्रॉफी समेत पेट की कई अन्य जांच भी की गई हैं। बताया जा रहा है कि सीटी स्कैन में राम रहीम कोरोना संक्रमित पाया गया है, लेकिन आरटी-पीसीआर जांच रिपोर्ट उसकी निगेटिव आई है।
इस बारे में अस्पताल की तरफ से कोई जानकारी नहीं दी गई है। मालूम हो कि इससे पहले 21 मई को भी राम रहीम 48 घंटे की पैरोल पर गुरमीत राम रहीम सिंह अपनी बीमार मां से मिलने के लिए गुरुग्राम आया था। इस दौरान उसने हनीप्रीत से भी मुलाकात की थी। राम रहीम अपनी दो महिला साध्वियों से दुष्कर्म के मामले में 2017 से रोहतक की सुनारिया जेल में सजा काट रहा है।