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अब भिवाड़ी के उद्योगों का पानी साहबी में छोड़ने की तैयारी

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गुरुग्राम। धारूहेड़ा और दिल्ली-जयपुर हाईवे पर जलभराव की समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है। वहीं अब राजस्थान सरकार औद्योगिक इकाइयों से निकलने वाले पानी को शोधित कर उचित माध्यम से लुप्त हो चुकी साहबी नदी तक पहुंचाने की योजना बना रही है।
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केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह के साथ बृहस्पतिवार को दिल्ली-जयपुर हाईवे स्थित जंगल बबलर टूरिस्ट कांप्लेक्स में इस मुद्दे पर हुई बैठक में राजस्थान और हरियाणा के संबंधित अधिकारियों ने फिर नौ महीने का समय मांग लिया। समस्या के समाधान के लिए अब 31 मई 2023 तक इंतजार करना होगा।
एक साल पहले भी अधिकारियों ने मानसून से पहले समस्या के स्थायी समाधान का दावा कर दिया था, लेकिन हालत नहीं सुधरे। बैठक में आए राजस्थान के जयपुर, अलवर और भिवाड़ी के अधिकारियों ने साफ कहा कि भिवाड़ी के पानी का फ्लो धारूहेड़ा की ओर है। इसे किसी भी कीमत पर रोका नहीं जा सकता। औद्योगिक इकाइयों के पानी को शोधित कर साहबी नदी तक पहुंचाने की योजना है। इसके लिए नहर या नाले का निर्माण कराया जाएगा। यह पूरी योजना अमृत जल योजना के तहत सिरे चढ़ाई जाएगी। पहले राज्य और फिर केंद्र सरकार को इसका प्रस्ताव भेजा जाएगा। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद ही इस दिशा में काम शुरू हो पाएगा।
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मंत्री ने संयुक्त कमेटी बनाकर जायजा लेने के दिए निर्देश
केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने हरियाणा और राजस्थान के अधिकारियों को संयुक्त कमेटी बनाकर पानी की क्षमता का आकलन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सीवरेज, बरसाती और औद्योगिक पानी की क्षमता का आकलन करना बेहद जरूरी है। उसी आधार पर समाधान के कदम प्रभावी रूप से उठाए जा सकेंगे। मंत्री का निर्देश मिलते ही अधिकारियों ने एक सुर में इस पर समय लगने का राग अलाप दिया और नौ महीने का समय मांग लिया।
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सीमेंट और कंक्रीट से बनेगी सर्विस रोड
बैठक में एनएचएआई के अधिकारियों को भी बुलाया गया था, लेकिन हाईवे के जाम और नवीनीकरण को लेकर कोई चर्चा नहीं हुई। एनएचएआई के परियोजना निदेशक अजय आर्य ने बताया कि हाईवे से जुड़े मुद्दे बैठक में नहीं रखे गए। हम अपनी ओर से तैयारी करके आए थे। उन्होंने कहा कि धारूहेड़ा ही नहीं हाईवे की सर्विस रोड पर जहां-जहां जलभराव होता है, वहां सीमेंट और कंक्रीट से सर्विस रोड बनाई जाएगी। ताकि बार-बार टूटने के झंझट से बचा जा सके। इसके लिए एनएचएआई की ओर से पूरे हाईवे का एक सर्वे कराया जा रहा है। इसमें जलभराव के स्थान चिन्हित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि धारूहेड़ा में बेसटेक सिटी सेंटर मॉल के सामने हाईवे के आरपार अंडरग्राउंड नाले का निर्माण जल्द शुरू कर देंगे। इसके लिए भी एस्टिमेट बनाया जा रहा है।
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कुमार प्रवीण
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