मानेसर नगर निगम के दायरे में गांव बार गर्जुर के गैंगस्टर सूबे गुर्जर का 400 गज में बना चार मंजिला आलिशान मकान निगम टीम ने जमींदोज कर दिया। बृहस्पतिवार को अधूरी छोड़ी गई कार्रवाई को आगे बढ़ाने के लिए शुक्रवार सुबह सात बजे ही निगम का बड़ा तोड़फोड़ अमला गांव में सूबे के मकान पर पहुंचा और यहां कार्रवाई शुरू की। तोड़फोड़ शुरू होते देख सूबे के परिजनों, खासकर महिलाओं ने इसका विरोध किया, लेकिन महिला पुलिस कर्मियों ने उन्हें बलपूर्वक पीछे हटा दिया। करीब सात घंटे से अधिक की कारवाई में पूरा मकान धवस्त कर दिया। 200 पुलिस कर्मियों की टीम के साथ मानेसर एसीपी सुरेश कुमार मौके पर तैनात रहे। टीम यहां सुबह सात पहुंची और दोपहर दो बजे के बाद तक कार्रवाई की जारी रही।
जलता दीया देख ठिठकी टीम
सुबह जैसे ही टीम ने तोड़फोड़ कार्रवाई शुरू की, मकान की तीसरी मंजिल पर एक जलता दीया देखकर टीम ठिठक गई। यहां पूजा घर में दीया जल रहा था। अधिकारियों के निर्देश पर मकान के दूसरे हिस्से में बुलडोजर और जेसीबी लगातर तोड़फोड़ की कार्रवाई शुरू की गई। घर की महिलाओं ने ईष्ट देवों और धार्मिक भावना को नुकसान पहुंचाने का आरोप भी लगाया, लेकिन टीम ने अपनी कार्रवाई नहीं रोकी। हालांकि इस दौरान टीम ने इस बात का विशेष ख्याल रखा कि जलते दीये को कोई नुकसान न हो। जब दीया बुझ गया, तब उस हिस्से को तोड़ा गया।
हाईकोर्ट की लेंगे शरण
इस कार्रवाई के खिलाफ सूबे के परिजन हाईकोर्ट जाने की तैयारी कर रहे हैं। परिजनों का आरोप है कि निगम की ओर से उन्हें कोई नोटिस दिया गया। यह मकान केवल सूबे का नहीं है, पूरे परिवार की सामलात भूमि पर बना है जो लाल डोरा के अंदर है। इस जमीन के 15 हिस्सेदार है। सूबे के चचेरे भाई रवि और अन्य परिजन ओमवती ने कहा कि अगर कार्रवाई करनी ही थी तो सूबे की प्रॉपर्टी के खिलाफ करनी थी। उन्हें तोड़फोड़ की किसी तरह की पूर्व सूचना नहीं दी गई। उनकी जमीन रिकॉर्ड में दर्ज है। इस कार्रवाई के खिलाफ हाईकोर्ट जाएंगे।
नियमों के तहत की गई कार्रवाई
मानेसर नगर निगम की इंफोर्समेंट विंग के प्रभारी की जिम्मेदारी संभाल रहे डीटीपी संजय ने पत्रकारों से कार्रवाई साझा करते हुए कहा कि यह मकान नो रेजिडेंशियल जोन में बना था। अवैध निर्माण था। निगम ने नोटिस दिए थे। नियमों के तहत ही पूरी कार्रवाई की गई। हमने अपने एक्ट के तहत कार्रवाई की है।
जेल में बंद है गैंगस्टर
पुलिस के अनुसार बार गुर्जर गांव का सूबे सिंह गुर्जर एक कुख्यात अपराधी है। जिसके खिलाफ गुरुग्राम सहित मेवात, रेवाड़ी, पलवल व दिल्ली में हत्या, हत्या के प्रयास, जबरन वसूली और हथियार अधिनियम के 42 आपराधिक मामले दर्ज है। पिछले दिनों उसे एसटीएफ ने गिरफ्तार किया था। तभी से वह भोंडसी जेल में बंद है। कार्रवाई के दौरान उसके परिवार की महिलाओं को छोड़कर किसी ने टीम के सामने विरोध नहीं जताया। महिलाओं ने अपने हिस्से को लेकर विरोध जताया। दूसरे परिवार वाले भी अपने हिस्से में कार्रवाई को लेकर ही नाराजगी जाहिर करते रहे।