रूटों पर किलोमीटर व स्टॉपेज को लेकर भी प्रबंधन कर रहा मंथन
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। जीएमसीबीएल के बेड़े में सितंबर माह के अंत तक एसी ई-बसें शामिल होने की उम्मीद है। ऐसे में गुरुग्राम मेट्रोपोलिटन सिटी बस लिमिटेड (जीएमसीबीएल) प्रबंधन ने रूटों पर चलने वाली एसी बसों के किराये को लेकर मंथन शुरू कर दिया है। ई-बसों के लिए जीएमसीबीएल ने 20 रूटों का सर्वे करके सूचीबद्ध किया है। इनमें से पहले चरण में छह रूटों पर ई-बसों को चलाए जाने की योजना है।
जीएमसीबीएल के अधिकारी कई अलग-अलग रूटों पर ई-बसों के संचालन में किलोमीटर व स्टॉपेज को लेकर भी मंथन कर रहे हैं। पहले चरण में उन रूटों पर ई-बसों को चलाने की योजना है, जहां पर यात्रियों का आवागमन ज्यादा है। ऐसे में ई-बसों चलने से उक्त रूटों पर लोगों को सार्वजनिक परिवहन की सुविधा मिल सकेगी। वहीं, जीएमसीबीएल के अधिकारी उन रूटों पर भी मंथन कर रहे हैं, जहां सवारियों का आवागमन है, लेकिन सार्वजनिक परिवहन उपलब्ध नहीं होने के कारण लोगों को अपने निजी वाहन लेकर ही घर से कार्यालय, नौकरी, कॉलेज या अन्य स्थानों पर जाना पड़ता है। जीएमसीबीएल की ओर सर्वे के आधार पर रूटों पर ई-बस सेवा शुरू करने का रोडमैप तैयार किया जा रहा है।
एसी ई-बसों के लिए किराया व स्टॉपेज को लेकर प्रक्रिया चल रही है। ई-बसें आने से पहले ही सभी औपचारिकताएं व प्रक्रिया पूरी कर ली जाएंगी ताकि बसों के आते ही उनको तय किए रूटों पर चलाया जा सके।
- विश्वजीत चौधरी, सीईओ, जीएमसीबीएल