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Gurugram News: आंगनवाडी केंद्र से मिली एक्सपायरी तिथि की चॉकलेट, खाने से 10 बच्चे बीमार

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- ग्रामीणों ने किया हंगामा, मौके पर बुलानी पड़ी पुलिस, तीन बच्चों को अस्पताल में कराना पड़ा भर्ती
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संवाद न्यूज एजेंसी
पुन्हाना। आंगनवाडी केंद्र पर मिली चॉकलेट खाने से जालिका गांव के कुछ बच्चों को उल्टियां होने लगीं तो एक महिला के शरीर पर इंफेक्शन होने लगा। बच्चों की हालत खराब होने पर ग्रामीणों ने हंगामा करते हुए इसकी सूचना पुलिस को दी। जिसके बाद इआरवी की गाड़ी मौके पर पहुंची और चॉकलेट को कब्जे में लेकर विभाग के उच्च अधिकारियों को सूचित कराया गया। एक्सपायरी तिथि की चॉकलेट खाने से 10 बच्चे बीमार हो गए। जिनमें से तीन को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। इन बच्चों को इलाज के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। बच्चों में बांटी गई चॉकलेट लगभग सात दिन पहले एक्सपायर हो चुकी थी। इसके बाद भी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता ने बच्चों में इसे बांट दिया। वहीं, आंगनवाडी कार्यकर्ता ने मामले को चुनावी रंजिश से प्रेरित बताया है।


बता दें की आंगनवाड़ी केंद्रों में नौनिहालों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए सर्दियों में कुछ आहार में मैन्यू में शामिल किए गए थे। जिनमें से एक प्रोटीन मिल्क बार (चॉकलेट) को भी शामिल किया गया था। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और विभागीय अधिकारियों की घोर लापरवाही से एक्सपायरी डेट के प्रोटीन मिल्क बार बच्चों और महिलाओं को बांट दिए गए। जैसे ही कुछ बच्चों की तबीयत खराब होने लगी तो ग्रामीणों ने मिल्क प्रोटीन बार की पैकिंग को चेक किया। जिसमें चॉकलेट के एक्सपायरी तिथि के होने का पता चला। इसके बाद ग्रामीणों ने आंगनवाड़ी केंद्र पर पहुंचकर हंगामा करते हुए पुलिस को बुलाया। पु
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बच्चों को हुई उल्टी तो महिला को इंफेक्शन
ग्रामीण फौजी शमसुद्दीन, अब्दुल एजाज अजहरुद्दीन, निसार, अताउल्ला, नूर मोहम्मद, वसीम और सबनम सहित अन्य लोगों ने बताया कि बुधवार को शाम करीब 4 बजे गांव की आंगनवाड़ी कार्यकर्ता मरियम द्वारा बच्चों को चॉकलेट बांटी गई। चॉकलेट खाने के कुछ देर बाद ही बच्चों की तबीयत बिगड़ने लगी। चॉकलेट खाने वाले सभी बच्चे उल्टियां करने लगे, वहीं कुछ महिलाओं के शरीर पर भी इंफेक्शन हो गया।

चॉकलेट पर एक्सपायरी डेट 5 फरवरी
ग्रामीणों ने बताया कि जब उन्होंने चॉकलेट के पैकेट पर पैकिंग की तारीख 8 नवंबर 2024 लिखी थी। वहीं, 5 फरवरी 2025 की एक्सपायरी डेट लिखी थी। जिससे बच्चों के बीमार होने की असली वजह सामने आ गई। ग्रामीणों का आरोप है कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता मरियम ने जानबूझकर उनके बच्चों को एक्सपायरी डेट के पैकेट वितरित किए हैं। ग्रामीण अजहरुद्दीन ने बताया कि गांव के करीब 10 बच्चों की तबीयत खराब हुई। जिनका इलाज अलग- अलग अस्पतालों में कराया गया। वहीं, इस बारे में जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी मीरा से बात करने की कोशिश की लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो पाया।
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मामले की जांच कराई जाएगी। अगर आंगनवाड़ी कार्यकर्ता ने जानबूझकर बच्चों को एक्सपायरी डेट की चॉकलेट दी है तो कार्रवाई की जाएगी। -संजय कुमार, एसडीएम पुन्हाना
फोटो कैप्शन-आंगनवाड़ी केंद्र में बांटी गई एक्सपायरी डेट की प्रोटीन मिल्क बार(चॉकलेट)अस्पताल में इलाज कराते बच्चे।
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