संवाद न्यूज एजेंसी
मांडीखेड़ा। जुनैद और नासिर हत्याकांड के मुख्य आरोपी श्रीकांत के मृत नवजात बच्चे का सोमवार को मेडिकल बोर्ड द्वारा पोस्टमार्टम किया गया। ड्यूटी मजिस्ट्रेट की निगरानी में किए गए पोस्टमार्टम में नवजात के शरीर पर चोट के निशान नहीं मिले। अलबत्ता नवजात के दिल, फेफड़े, किडनी और लिवर के नमूने लेकर अब उन्हें जांच के लिए मधुबन स्थित फोरेंसिक लैब और पीजीआई रोहतक में जांच को भेजे गए हैं। इन नमूनों की जांच रिपोर्ट से ही अब नवजात की मौत के असली कारणों का पता चल सकेगा।
नूंह के जिला नागरिक अस्पताल अलआफिया मांड़ीखेड़ा में ढाई घंटे तक चली कार्रवाई में तीन चिकित्सकों ने पोस्टमार्टम किया। मेडिकल बोर्ड ने नौ माह के नवजात के शव के चार अलग-अलग सैंपल लेकर जांच के लिए मधुबन और पीजीआई रोहतक लैब भेज दिए हैं। पोस्टमार्टम के बाद ड्यूटी मजिस्ट्रेट ने शव को उसके दादा बाल किशन को सौंप दिया। करीब सवा छह बजे नवजात के शव को गांव मरोड़ा के श्मशान घाट में दफन कर दिया।
अस्पताल के डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. विजय ने बताया कि जांच नमूनों की रिपोर्ट करीब एक सप्ताह में मिलने की उम्मीद है। इसके बाद ही नवजात की मौत के असली राज का खुलासा होने की उम्मीद है। उन्होंने बताया कि मेडिकल बोर्ड में डॉ. पंकज वत्स, डॉ. संदीप कुमार और डॉक्टर जगमोहन शामिल रहे थे।
दोबारा दफना दिया गया शव : श्रीकांत के परिजनों की मांग पर रविवार शाम करीब छह बजे नवजात के शव को ड्यूटी मजिस्ट्रेट की निगरानी में गांव मरोड़ा के श्मशान घाट से खोदकर जिला नागरिक अस्पताल मांडीखेड़ा लाया गया था। जिला उपायुक्त के आदेश पर सिविल सर्जन ने तीन सदस्य डॉक्टरों के मेडिकल बोर्ड कमेटी बनाई जिसने सोमवार दोपहर बाद तीन बजे शव का पोस्टमार्टम शुरू किया। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस की निगरानी में बच्चे को श्मशान घाट में फिर से दफना दिया गया।
शनिवार को डिलीवरी के लिए पहुंची थी कमलेश : मेवात के सिविल सर्जन डॉक्टर सर्वजीत थापर ने बताया कि शनिवार की सुबह करीब सवा छह बजे कमलेश को डिलीवरी के लिए जिला नागरिक अस्पताल मांडीखेड़ा में लाया गया था। जहां महिला चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे करीब साढ़े सात बजे ऑपरेशन के लिए शहीद राजा हसन खान मेवाती मेडिकल कॉलेज नल्हड़ रेफर कर दिया था।
अभी तक की कार्रवाई से संतुष्ट हैं परिजन : आरोपी श्रीकांत के पिता बालकिशन ने बताया कि उसके पोते का पोस्टमार्टम जिला अस्पताल मांडीखेड़ा में कर दिया गया है। वह अभी तक की कार्रवाई से संतुष्ट हैं। बाकी जांच रिपोर्ट में पता चलेगा। उन्होंने कहा कि अभी भी उनकी पुत्रवधू कमलेश की हालत नाजुक है। लगी चोट के कारण वो मेडिकल कॉलेज नल्हड़ के आईसीयू में भर्ती है।
यह था मामला : विगत 16 फरवरी को राजस्थान में भरतपुर जिले के गांव घाटमीका के जुनैद और नासिर की तथाकथित गो-रक्षकों ने अपहरण करने के बाद हरियाणा प्रदेश के जिला भिवानी लोहारू के गांव बारबास में बोलेरो गाड़ी के अंदर जिंदा जलाकर हत्या कर दी थी। उनके गाड़ी के अंदर कंकाल मिले थे। पहचान के बाद भोपालगढ़ थाने में मृतकों के चाचा इस्माइल की शिकायत पर पांच लोगों के खिलाफ अपहरण का मामला दर्ज हुआ था। बाद में हत्या की धाराएं भी जोड़ी गई। अब तक एक आरोपी रिंकू पुत्र बिरजू फिरोजपुर झिरका की गिरफ्तारी हो चुकी है। जोकि पांच दिन के रिमांड पर चल रहा है। बाकी अन्य चार आरोपी मोनू मानेसर, श्रीकांत मरोड़ा, अनिल मुलथान व पलवल फरार हैं।
थानाध्यक्ष बोले : नगीना थाना क्षेत्र के अधिकारी राजबीर सिंह ने बताया कि 176 की कार्रवाई के बाद नवजात के शव को मरोड़ा गांव में दफना दिया गया है। महिला कमलेश की शिकायत पर कार्रवाई उनके नेतृत्व में चल रही है। अभी तक कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई है। जांच रिपोर्ट आते ही पुलिस किसी नतीजे तक पहुंचेगी।