बड़े हादसे का अंदेशा, वारदातों पर लगाम लगाने में नूंह पुलिस विफल
संवाद न्यूज एजेंसी
तावडू। नूंह जिले की सीमा से गुजर रहे और हजारों करोड़ रुपये की लागत से निर्मित वेस्टर्न डेडीकेटेड फ्रेट कॉरिडोर रेलवे की लाइन पर आए दिन चोरी की वारदातें सामने आ रही हैं। लाइन पर हर रोज एक दर्जन के करीब मालगाड़ी गुजर रही है, लेकिन लाइन के साथ फिटिंग के जरूरी उपकरणों को बदमाशों द्वारा चोरी किया जा रहा है। इससे बड़ा हादसा होने का अंदेशा बना हुआ है, जबकि रेलवे विभाग की ओर से नूंह पुलिस अधीक्षक को पहले ही शिकायत भेज चेताया जा चुका है, लेकिन पुलिस इन वारदातों पर लगाम लगाने में विफल है।
ताजा मामला रोजका मेव थाना सीमा क्षेत्र में रेलवे लाइन फिटिंग के उपकरण और लाइनर्स चोरी होने का है। डेडीकेटेड फ्रेट कॉरिडोर कॉर्पोरेशन के कनिष्ठ परियोजना प्रबंधक रवि ने बताया कि बीते 30-31 मई की रात लाइन से 85 उपकरणों को चोरी कर लिया गया, जिसकी सूचना उन्हें ड्यूटी गार्ड ने दी। उन्होंने बताया कि इस तरह की चोरी से ट्रैक पर दौड़ रही मालगाड़ियों की सुरक्षा के लिए खतरा है, जो कभी भी किसी भयानक दुर्घटना का कारण बन सकती है। इस संबंध में दोनों थाने में मुकदमे भी दर्ज किए गए। कनिष्ठ परियोजना प्रबंधक का आरोप है कि रेलवे लाइन के साथ लगते गांव के शरारती तत्व ट्रेन गुजरने के दौरान पत्थरबाजी करते हैं। कुछ दिन पहले पत्थरबाजी से ट्रेन में सवार एक गार्ड भी चोटिल हो गया था। उन्होंने बताया कि इस तरह की वारदातों पर रोक लगाने हेतु रेलवे विभाग की ओर से बीते 11 मई को पुलिस अधीक्षक को शिकायत दी जा चुकी है, लेकिन चोरी की वारदातें लगातार सामने आ रही हैं। इस संबंध में नूंह पुलिस अधीक्षक का पक्ष लेने के लिए संपर्क किया गया, लेकिन संपर्क नहीं हो सका।
फोटो: रेलवे लाइन में लगे लाइनर व ईआरसी उपकरण।