संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। नौ साल पहले गांव नैनवाल में मारपीट और डकैती करने के मामले में जिला अदालत ने बावरिया गैंग के आठ आरोपियों को दोषी ठहराते हुए 10 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही अदालत ने दोषियों पर 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। यह आदेश अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश पुनीत सहगल की अदालत ने आदेश दिया है। पीड़ित की शिकायत पर मानेसर थाना पुलिस ने मामला दर्ज किया है।
11 अगस्त 2016 को उमेद सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 10 अगस्त की रात को गांव नैनवाल में कुछ युवकों ने मारपीट की थी। पुलिस ने जांच में पाया कि उसी दौरान गांव सहरावन में एक परिवार के साथ मारपीट कर डकैती की वारदात को अंजाम दिया है। पुलिस ने हरियाणा के झज्जर निवासी जय भगवान, शिव कॉलोनी निवासी राजबीर उर्फ नाहर सिंह, फर्रुखाबाद निवासी राका उर्फ जितेंद्र , व गांव गसिंगपुर निवासी संदीप उर्फ नरेश, सुनील उर्फ सागर , फरीदाबाद निवासी लंबू उर्फ तुली और दिल्ली के नजफगढ़ के बापड़ोला निवासी मुन्ना उर्फ लक्की और हेमंत उर्फ धर्म को गिरफ्तार कर लिया।अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद मंगलवार आठ दोषियों को 10 साल की कठोर कारावास की सजा दी।