नूंह। मैलावास गांव में रविवार की रात आई तेज आंधी से आबादी के बीच तीन खंभे गिर गए, जिनमें से दो खंभे मकान पर गिरे। वहीं एक खंभा भैंस के ऊपर गिर गया, जिससे उसकी हड्डियां टूट गईं।
सरपंच ओमप्रकाश ने बताया कि आंधी से पोल टूटकर तुलाराम और रूपन के मकान पर गिर गए तथा एक पोल फूलसिंह की भैंस पर गिर गया, जिससे भैंस की हड्डियां टूट गईं हैं। सरपंच ने कहा कि खंभों को मकान नहीं रोकते तो और भी बड़ा हादसा हो सकता था। उन्होंने इसके लिए बिजली निगम को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने बताया कि रेवासन से मैलावास होते हुए कुतुबगढ़ के लिए बिजली की जो लाइन आ रही है, वह 53 साल पुरानी है। उसके सभी खंभे झुक गए है तथा बिजली की तार भी झुक कर बहुत नीचे आ गई है। इस लाइन से हर समय हादसों का अंदेशा रहता है। लेकिन निगम का इन समस्याओं की तरफ कोई ध्यान नहीं है।
जनसंवाद बना मजाक : गांव मैलावास के सरपंच ओमप्रकाश ने 13 नवंबर 2024 को जनसंवाद में गांव में रास्ते के बीच लगे पुराने खंभे हटाने, रेवासन गांव से कुतुबगढ़ तक की टूटी पुरानी लाइन के लिए शिकायत दी थी।जनसंवाद के अलावा बिजली निगम सोहना में करीब आधा दर्जन बार सरपंच ने गुहार लगाई, लेकिन बिजली निगम ने इस पर कोई सुनवाई नहीं की। जिसके कारण सरपंच ने 6 मई 2025 को बिजली मंत्री हरियाणा को शिकायत लगाकर समस्या के समाधान के लिए गुहार लगाई। लेकिन अभी तक भी समस्या का समाधान नहीं हुआ है। वहीं उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं है। इसके बारे में जानकारी जुटाई जाएगी।
फोटो: रविवार की रात आई आंधी के बाद मकानों पर टूटकर गिरे बिजली के खंभे गांव मैलावास में।
फोटो: रेवासन से कुतुबगढ़ के लिए जा रही बिजली की 53 साल पुरानी लाइन झुककर जमीन पर टिकने को तैयार।