गुरुग्राम। केआईआईटी कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग में आयोजित तीन दिवसीय इंडिया इंटरनेशनल सिम्पोजियम ऑन एकॉस्टिक्स का शनिवार को सफल समापन हुआ। सम्मेलन के अंतिम दिन विशेषज्ञों ने दुर्लभ भाषाओं की ध्वनियों, औद्योगिक शोर नियंत्रण और ध्वनि विज्ञान के वैश्विक भविष्य पर विचार-विमर्श किया। तकनीकी सत्र की अध्यक्षता डॉ. के समुद्रवज्य ने की और सह-अध्यक्ष प्रो. अंशु राधा अग्रवाल रहीं। इस दौरान डॉ. अर्नब दास ने अपने शोध एरर स्पीक्स लाउडर एकॉस्टिक्स ऑफ अंडर-रिसर्च्ड लैंग्वेजेज पर प्रस्तुति दी, जिसमें उन्होंने नागालैंड और मिजोरम की दुर्लभ भाषाओं पर किए गए अध्ययन साझा किए। समापन सत्र में केआईआईटी कॉलेज के विद्यार्थियों सूर्योदय और साहिल को बेस्ट पेपर अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। संवाद