दिल्ली में फुटपाथ पर सो रही मासूम का अपहरण कर दरिंदगी और हत्या के मामले में आरोपी को लेकर कई खुलासे हुए हैं। आरोपी ने 10 जून को बिहार पुलिस की परीक्षा दी थी। आरोपी कैब चलाने से पहले सिक्योरिटी गार्ड और डिलीवरी ब्वॉय का भी काम किया था।
दिल्ली में लड़की का अपहरण कर दुष्कर्म के बाद हत्या के आरोप में गिरफ्तार वासु उर्फ बबलू बिहार पुलिस में भर्ती होने की तैयारी कर रहा था। इसके लिए उसने 10 जून को बिहार पुलिस की परीक्षा भी दी थी। गुरुग्राम के चक्करपुर गांव में अपने बड़े भाई के किराये के घर में वो अक्सर खाना खाने आता था।
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बुधवार दोपहर बाद अमर उजाला टीम चक्करपुर गांव के उसी मकान नंबर 647 में पहुंची, जहां पर आरोपी बबलू अपने भाई के पास रहता था। बिल्डिंग के केयरटेकर ने बताया कि बबलू का भाई यहां लगभग 7-8 साल से रह रहा है और वो बैंक में नौकरी करता है।
लोगों की मानें तो बबलू यहां अक्सर आता-जाता था। लोगों ने बताया कि मंगलवार को दिल्ली पुलिस की एक टीम ने बबलू के भाई पूछताछ के बाद उसे छोड़ दिया। बड़े भाई के अनुसार बबलू की पांच साल पहले शादी हुई थी।
उसके 2 बच्चे हैं और वह सिक्योरिटी गार्ड, डिलीवरी बॉय का काम भी कर चुका है। आरोपी के भाई ने बताया कि बबलू ने 20 मई को महरौली थाने में फोन चोरी की शिकायत की थी। आरोप है कि पुलिसकर्मी से उसकी बहस भी हुई थी।
यह था पूरा मामला
दक्षिणी दिल्ली के महरौली थाना क्षेत्र में 11 वर्षीय बच्ची के अपहरण के बाद दुष्कर्म और हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। फुटपाथ पर परिवार के साथ सो रही बच्ची को एक कैब चालक उठा ले गया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी ने शव फरीदाबाद गुरुग्राम रोड स्थित जंगल में फेंका और भाग गया। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी कैब चालक बिहार निवासी वासु उर्फ बबलू (25) को गिरफ्तार कर लिया है।
दक्षिण जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार, शव बरामद करने के लिए आरोपी को गुरुग्राम ले जाया गया था। वहां पर आरोपी ने पुलिसकर्मी की पिस्तौल छीन कर भागने की कोशिश की। इस पर पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की जिसमें आरोपी बबलू के पैर में गोली लगी और वह घायल हो गया। आरोपी को अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती करवाया गया।
सुबह करीब पांच बजे बच्ची का अपहरण किया
महरौली में फुटपाथ पर रहने वाले परिवार को सोमवार सुबह बच्ची नजर नहीं आई तो सभी ने उसकी तलाश शुरू की। कुछ पता नहीं चलने और अपहरण का शक होने पर पुलिस को सूचित किया गया। महरौली थानाध्यक्ष रितेश कुमार पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू की। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज से पता लगा कि कैब चालक ने मंगलवार सुबह करीब पांच बजे उस समय बच्ची का अपहरण किया जब वह परिजनों के साथ सो रही थी।
सोती हुई बच्ची को उठाया
फुटेज में नजर आया सोती हुई बच्ची को उसने कार की पिछली सीट पर रखा और वाहन समेत भाग गया। इधर, परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज कर बच्ची की तलाश शुरू की। सीसीटीवी के फुटेज से कैब का नंबर और चालक का पता चलने पर पुलिस की कई टीमें आरोपी की तलाश में जुट गईं।
एक पुलिस सूत्र ने बताया कि अपराध करने के बाद आरोपी उसी जगह लौट रहा था लेकिन आसपास पुलिस की मौजूदगी देख भाग गया। पुलिस टीम ने उसकी गतिविधियों पर नजर रखी और अपराध के छह घंटे के अंदर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
पूछताछ में पता चला कि उसने दुष्कर्म के बाद बच्ची की हत्या कर दी और शव जंगल में फेंक दिया। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने बच्ची का शव भी बरामद कर लिया है। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या आरोपी ने अकेले यह अपराध किया और क्या उसका कोई आपराधिक रिकॉर्ड है। उधर, गुरुग्राम पुलिस के प्रवक्ता संदीप कुमार ने बताया कि सोमवार शाम लगभग 6 बजे शव गुरुग्राम से बरामद कर पुलिस टीम लौट गई।