द्वारका एक्सप्रेसवे क्षेत्र में चल रहे निर्माण कार्यों, खुले में मलबा डंप और उड़ती धूल बनी लोगों की परेशानी
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। द्वारका एक्सप्रेसवे क्षेत्र में चल रहे निर्माण कार्यों, खुले में मलबा डंप किए जाने, उड़ती धूल और अतिक्रमण को लेकर स्थानीय निवासियों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। लगातार बढ़ रहा प्रदूषण अब उनके स्वास्थ्य पर प्रभाव डाल रहा है। इससे परेशान लोगों ने अब प्रशासन से राहत की मांग की है।
बीपीटीपी अमस्टोरिया निवासी मोनिका अहलावत ने बताया कि आसपास की कई आवासीय सोसाइटियों के लोग धूल और प्रदूषण से परेशान हैं। उनका आरोप है कि नई निर्माण साइटों पर निर्माण सामग्री को बिना ढके रखा जा रहा है, जिससे आसपास का वातावरण प्रभावित हो रहा है। उन्होंने कहा कि खुले में पड़ा मलबा और उड़ती धूल बच्चों, बुजुर्गों और अन्य निवासियों के स्वास्थ्य के लिए चिंता का विषय बन गई है।
निवासियों का कहना है कि इस संबंध में सीएम विंडो, डीसी कार्यालय और समाधान एप सहित विभिन्न मंचों पर शिकायतें दर्ज कराई जा चुकी हैं, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं निकल पाया है। लोगों ने संबंधित विभागों से संयुक्त निरीक्षण कर नियमों के उल्लंघन की जांच करने और दोषियों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करने की मांग की है।
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अतिक्रमण हटाने और धूल नियंत्रण के प्रभावी उपाय तुरंत लागू किए जाएं। यह छोटी समस्या है लेकिन आगे चलकर अतिक्रमण बढ़ने से स्थिति गंभीर हो जाएगी और समाधान करना कठिन हो जाएगा।- संजय खत्री, जाॅयविले
खुले में पड़ी स्टोन मिट्टी के कारण प्रदूषण की स्थिति बन गई है। हवा, आंधी और तूफान में यह पूरे क्षेत्र में फैल जाती है, जिससे आसपास रहने वाले लोगों में श्वास संबंधी समस्याएं होने का खतरा बढ़ रहा है।- मोनिशा भट्टनागर, सेक्टर 102
खुले में पड़ी निर्माण सामग्री के उचित प्रबंधन न होने से हवा में धूल का स्तर लगातार बढ़ रहा है और प्रदूषण फैल रहा है। समय रहते नियंत्रण नहीं किया गया तो वायु गुणवत्ता और अधिक खराब हो जाएगी। -गुरसिमरन सिंह, अडानी ऑयस्टर, ग्रांडे, सेक्टर 102