दो माह पहले ही सभी जिम्मेदारियों से किया जा चुका है मुक्त
अदालत से भी नहीं मिली थी राहत
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। गुरुग्राम विश्वविद्यालय की महिला सहायक प्रोफेसर के यौन उत्पीड़न के आरोप में डीन प्रोफेसर डाॅ. धीरेन्द्र कौशिक को महिला थाना सेक्टर-51 की पुलिस ने सोमवार को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी प्रोफेसर को पहले ही विश्वविद्यालय ने सभी प्रशासनिक पदों से मुक्त कर दिया था।
सहायक प्रोफेसर ने पुलिस को दी शिकायत में आरोप लगाया था कि तत्कालीन डीन डॉ. धीरेंद्र कौशिक द्वारा उसके साथ बार-बार दुर्व्यवहार और छेड़छाड़ की गई। आरोप है कि वह एक बार ट्रैफिक जाम में फंसने के कारण 15 मिनट देर पहुंची थी। इस बात पर भी उसका शारीरिक शोषण करने का प्रयास किया था। बीती 28 अप्रैल को बिना किसी कारण क्लर्क के कमरे में बुलाया। उसी समय दो क्लर्क कमरे से बाहर चले गए और महिला व डॉ. कौशिक कमरे में अकेले थे। उसने स्थिति का फायदा उठाया और महिला के साथ छेड़छाड़ करने लगा। आरोपी ने धमकी भी दी कि वह दो और मेमो जारी करने के बाद उसे टर्मिनेट करवा देगा। महिला की शिकायत के बाद महिला पुलिस स्टेशन, सेक्टर 51 में डॉ. धीरेंद्र कौशिक के खिलाफ केस दर्ज कराया था। पुलिस ने छानबीन के बाद उसे सोमवार को गिरफ्तार किया है। अदालत से उसकी अग्रिम जमानत खारिज हो चुकी है।