ओएलएक्स के किसी मामले में नाम निकालने की एवज में सात दिनों से साकरस के एक परिवार को किया जा रहा था प्रताड़ित
संवाद न्यूज एजेंसी
फिरोजपुर झिरका। ओएलएक्स के किसी मामले में नाम निकालने के एवज में सीएस स्टाफ फिरोजपुर झिरका में तैनात एसपीओ द्वारा एक लाख रुपये रिश्वत की मांग की गई। जिस पर पीड़ित परिवार द्वारा इसकी सूचना गुरुग्राम एसीबी (एंटी करप्शन ब्यूरो) में दी गई। विजिलेंस विभाग ने आरोपी को पकड़ने की योजना बनाइ। इसके बाद पीड़ित की ओर से दिए गए 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए एसपीओ हाकमुद्दीन को चाय के होटल से गिरफ्तार कर लिया।
जानकारी के अनुसार, शमशाद निवासी साकरस ने एसीबी में शिकायत दी थी कि ओएलएक्स के एक मुकदमे से नाम निकलवाने के बदले एसपीओ हकीमुद्दीन एक लाख रुपये की मांग गत सात दिनों से कर रहा है। उसके घर पर गांव साकरस में आकर उन्हें प्रताड़ित किया जा रहा है। बड़ी मान मनुहार के बाद नाम निकालने की बात 40 हजार रुपये में तय हुई। मानसिक रूप से परेशान होने पर उन्होंने इसकी शिकायत एसीबी गुरुग्राम में की, शिकायत की पुष्टि के लिए एसीबी ने ड्यूटी मजिस्ट्रेट एवं जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक केके गोयल की मौजूदगी में जाल बिछाया। जैसे ही शिकायतकर्ता ने हकीमुद्दीन को नकदी सौंपी, टीम ने उसे मौके पर ही दबोच लिया।
आरोपी हकीमुद्दीन पुत्र भज्जू निवासी नांगल मुबारकपुर को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। उसे शनिवार को अदालत में पेश किया जाएगा।एसीबी अधिकारियों का कहना है कि जांच में यह पता लगाया जाएगा कि यह रकम आगे किस पुलिस अधिकारी या जांच अधिकारी तक पहुंचाई जानी थी। माना जा रहा है कि पूछताछ में कई और भ्रष्टाचार से जुड़े राज उजागर हो सकते हैं।