जिला अदालत ने बिजली चोरी पर 1.59 लाख रुपये जुर्माने के खिलाफ दायर याचिका की खारिज
गुरुग्राम। जिला अदालत ने बिजली चोरी पर लगे जुर्माने के विरोध में दायर याचिका खारिज कर दी है। अदालत ने माना कि बिजली चोरी से जुड़े मामले सिविल अदालत के क्षेत्राधिकार से बाहर हैं। यह आदेश सिविल जज डॉ. रूपम की अदालत ने दिया है।
बिजली निगम की टीम ने 19 जनवरी 2021 को उपभोक्ता अमन के परिसर का निरीक्षण किया था। जांच में 6.54 किलोवाट का सीधा बिजली कनेक्शन पाया गया। इसके बाद अमन के खिलाफ 25 फरवरी 2021 को बिजली चोरी की एक एफआईआर दर्ज की गई। निगम ने अमन पर 1.59 लाख रुपये का जुर्माना लगाया था। अमन ने दावा किया था कि बिजली कनेक्शन अवैध रूप से काटा गया था। उन्होंने यह भी कहा कि मीटर से कोई छेड़छाड़ नहीं की गई थी। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद याचिका को खारिज कर दिया। बिजली निगम ने 19 जनवरी 2021 को अमन के परिसर का निरीक्षण किया। निरीक्षण में 6.54 किलोवाट का सीधा बिजली कनेक्शन पाया गया था। इसके आधार पर 25 फरवरी 2021 को अमन के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई। निगम ने उन पर 1.59 लाख रुपये का जुर्माना लगाया था।