आरोपी मासूम को जिस रास्ते से पहाड़ पर लेकर चढ़ा, भाई भी वहीं से परिवार को पहाड़ के ऊपर लेकर पहुंचा। जहां पर परिजनों को एक जगह शराब की खाली बोतल और चिप्स का पैकेट मिला। इसके बाद लोग आगे बढ़े तो थोड़ी दूर मासूम की लाश भी खून से लथपथ अवस्था में पड़ी हुई मिली। वहां पर कई बड़े पत्थरों पर भी खून लगा हुआ मिला।
ग्रामीणों ने बताया कि आरोपी हरीचंद राजमिस्त्री का काम करता है, जो शराब का आदि है। घटना के बाद आरोपी मासूम की मां के पास पहुंचा और कहने लगा कि क्रशर व सीमेंट तैयार कर लेना सुबह जल्दी काम चालू करेंगे। लेकिन मां को क्या पता कि उसने मासूम के साथ दुष्कर्म कर उसकी हत्या कर दी है। जब गूंगे भाई के इशारों से लोगों को पता चला कि हरीचंद ने ही वारदात को अंजाम दिया है तो वह घर से फरार हो गया।
सबकी लाडली थी मासूम
पिता ने बताया कि वह मेहनत मजदूरी करके परिवार का पेट पालते हैं। उनके तीन बच्चे हैं, जिनमें एक लड़का और दो लड़की हैं। साढ़े तीन साल की मासूम परिवार में सबकी लाडली थी, परिवार के सभी लोग उसे टॉफी व चिप्स खिलाते रहते थे, ठीक उसी तरह आरोपी ने भी चिप्स दिखाकर मासूम को बुलाया और उसे पहाड़ पर ले गया। जहां पर उसके साथ दुष्कर्म कर निर्मम हत्या कर दी। आरोपी का मासूम के परिवार से उठना बैठना था, जो अकसर मासूम के घर पर आता जाता रहता था। मासूम भी उसे जानती थी।