संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। 1.46 करोड़ रुपये की साइबर ठगी के मामले में जिला अदालत ने आरोपी की जमानत याचिका खारिज कर दी। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश डॉ. गगन गीत कौर की अदालत ने कहा कि पहले जमानत याचिका खारिज होने के बाद परिस्थितियों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। पीड़ित की शिकायत पर साइबर पश्चिम थाना पुलिस ने नौ जून 2025 को मामला दर्ज किया था।
शिकायतकर्ता रविंद्र कुमार खुश्लानी ने पुलिस को बताया था कि निवेश पर मुनाफा कमाने का लालच देकर उनसे 1.46 करोड़ रुपये की ठगी की गई। अदालत ने पहले जमानत याचिका खारिज करते समय पाया था कि आरोपी संबंधित कंपनी का निदेशक था। अदालत के समक्ष यह भी आया कि कंपनी के बैंक खाते के खिलाफ गृह मंत्रालय के पोर्टल पर करीब 103 शिकायतें लंबित थीं।
अदालत ने माना था कि आरोपी ने कंपनी का पंजीकरण कराने और उसके नाम पर बैंक खाता खुलवाने में भूमिका निभाई थी। आरोप है कि इसी खाते का इस्तेमाल साइबर धोखाधड़ी के लिए किया गया। इन्हीं परिस्थितियों को देखते हुए अदालत ने दोबारा दायर जमानत याचिका भी खारिज कर दी।