बैंक कर्मचारी बन जालसाज ने युवक को बातों में उलझाकर कई बार में ट्रांसफर कराए रुपये
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। जालसाज ने बैंक कर्मचारी बनकर खाता खोलने और क्रेडिट कार्ड बनाने के नाम पर युवक से 1,04,452 रुपये की ठगी की है। कई बार में रुपये ट्रांसफर करने के बाद युवक को अपने साथ हुई ठगी के बारे में पता चला। पीड़ित युवक की शिकायत के आधार पर पुलिस ने साइबर अपराध थाना मानेसर में मामला दर्ज किया है।
मानेसर गांव निवासी कपिल ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि पांच जुलाई को उनके मोबाइल पर अनजान नंबर से कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को आईडीएफसी फर्स्ट बैंक का कर्मचारी फुरकान बताया और नया खाता खोलने और पांच लाख रुपये तक लिमिट का क्रेडिट कार्ड देने का झांसा दिया। कपिल जालसाज की बातों में आ गया। इसके बाद जालसाज ने खाता खुलवाने और लिमिट दिखाने के नाम पर किश्तों में रुपये मांगने शुरू कर दिए।
पांच से 11 जुलाई के बीच जालसाज ने कपिल से आठ अलग-अलग ट्रांजेक्शन में कुल 1,04,452 रुपये फोन-पे और विभिन्न बैंक खातों में ट्रांसफर करवा लिए। इसके बाद जालसाज ने कपिल से 13 हजार रुपये ट्रांसफर करने के लिए कहा तो शक होने पर उसने रुपये भेजने से मना कर दिया। इसके बाद जालसाज ने अपना मोबाइल बंद कर लिया। पीड़ित कपिल अपने साथ ठगी होने का एहसास होने पर पुलिस को शिकायत दी। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
युवती के क्रेडिट कार्ड से हजारों रुपये किए ट्रांसफर
गुरुग्राम। जालसाजों ने एक युवती के क्रेडिट कार्ड से 47,822 रुपये की ट्रांजेक्शन कर ली। पीड़ित युवती की शिकायत के आधार पर पुलिस ने साइबर अपराध थाना दक्षिण में मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। शिल्पी ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनके पास 14 जुलाई की शाम को करीब चार बजे उसके पास कुछ ओटीपी आए। कस्टमर केयर में बात करने पर शिल्पी को पता चला कि उसके क्रेडिट कार्ड से तीन बार में 47,822 रुपये की ट्रांजेक्शन की गई है। शिल्पी ने पुलिस को बताया कि उसने इस तरह की कोई ट्रांजेक्शन नहीं की थी। ब्यूरो