गुरुग्राम। नगर निगम आमदनी बढ़ाने के लिए संपत्ति कर (प्रॉपर्टी टैक्स) 600 करोड़ रुपये वसूलेगा। इसके लिए शुक्रवार से अभियान चलेगा। इसमें पांच लाख या इससे अधिक वाले बकायेदार रडार पर होंगे। निगमायुक्त ने बृहस्पतिवार को निगम की आय को लेकर समीक्षा बैठक के दौरान संपत्ति कर अधिकारियों (जेडटीओ) को आदेश दिए। कोरोना के बाद आर्थिक तंगी से जूझ रहे संस्थानों से टैक्सी की वसूली किसी चुनौती से कम नहीं है।
निगमायुक्त मुकेश कुमार आहुजा ने बृहस्पतिवार को संपत्ति कर विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने कहा कि अगली बैठक से पहले बड़े बकायेदारों से प्रॉपर्टी टैक्स की रिकवरी की जाए। उन्होंने कहा कि आय होगी तभी निगम विकास कार्य कर पाएगा। ऐसे में आय में बढ़ोतरी के लिए हरसंभव प्रयास करें।
जोनल टैक्सेशन ऑफिसर करें कार्रवाई
निगमायुक्त ने अधिकारियों से कहा कि हमें केवल अपना काम करना है। पिछली बैठक में लिए गए निर्णय के मुताबिक जिन प्रॉपर्टी टैक्स डिफॉल्टरों को नोटिस दिए गए हैं, उनसे 31 जुलाई को होने वाली अगली बैठक से पहले रिकवरी की कार्रवाई पूरी की जाए। इसके लिए जोनवार कर्मचारियों की ड्यूटी लगाकर प्रॉपर्टी टैक्स बकायेदारों को फोन के माध्यम से भी सूचना देकर टैक्स जमा करने के लिए कहें।
31 जुलाई तक जमा करने पर 10 फीसदी की छूट
31 जुलाई तक प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान करने वालों को 10 फीसदी की छूट दी जा रही है। निगम लोगों को जागरूक कर रहा है। वित्त वर्ष 2021-22 के प्रॉपर्टी टैक्स बिल रजिस्टर्ड पोस्ट के माध्यम से तुरंत भिजवाए जाएं। अगर इनमें से कुछ बिल वापिस आते हैं, तो उन्हें एजेंसी के माध्यम से वितरित करवाएं।