गुरुग्राम। निजी स्कूल की मनमानी के आगे अभिभावकों ने सरकारी स्कूलों की ओर रुख किया है। अप्रैल से जुलाई के बीच प्रदेश स्तर पर 43,293 छात्रों ने सरकारी स्कूलों में दाखिला करवाया है। इनमें से 2453 छात्रों ने गुरुग्राम के सरकारी स्कूलों में दाखिला लिया है। यह वह छात्र हैं जिन्होंने निजी स्कूलों को छोड़ा है इसमें हिसार में हुए सबसे ज्यादा 3434 भर्ती हुए हैं। शिक्षा निदेशालय ने राज्य स्तर पर इनकी सूची जारी की है। अभिभावकों को भी कहा है कि वह अपने बच्चों का अभी भी सरकारी स्कूलों में मुफ्त दाखिला दिला सकते हैं। गुरुग्राम इन दाखिलों में पांचवें स्थान पर रहा है। फरीदाबाद 2074, रेवाड़ी 2122 , झज्जर 1502, नूंह 929, पलवल 1290 और सबसे कम प्रवेश चरखी दादरी में 546 हुए हैं।
कोरोना काल के दौरान निजी स्कूलों को छोड़कर सरकारी स्कूलों में दाखिला ले लिया है। पिछले साल के मुकाबले यह संख्या इस बार काफी अधिक है। पहले के मुकाबले सरकारी स्कूलों में क्वालिटी एजुकेशन भी इसका एक मुख्य कारण है।
- रितु चौधरी, जिला परियोजना संयोजक, शिक्षा विभाग