प्रदेश सरकार आग लगने से बर्बाद हुई गेंहू की फसल के बदले में एक करोड़ 44 लाख रुपये का मुआवजा वितरित करेगी। इसके लिए सरकार ने जिला प्रशासन से रिपोर्ट तलब की है। ताकि किसानों को जल्द से जल्द मुआवजा दिया जा सके।
गेंहू की फसल किसान के लिए सोना मानी जाती है। जिसे बेचकर किसान पूरे साल अपना जीवन-यापन करता है। गत वर्ष की भांति इस बार गेंहू की फसल पर बारिश ने रहम रखा। जिसके कारण इस बार गेंहू की बंपर आवक हुई। लेकिन इसके बावजूद प्रदेश भर में करीब 1200 एकड़ फसल जल गई।
यानी आग लगने से प्रदेश में 545 किसानों की फसल राख हो गई। उनकी साल भर की मेहनत पानी भी चली गई। कहीं शार्ट सर्किट से, तो कहीं बिजली के तारों के टकराने से उठी चिंगारी से फसल में लगी। फरीदाबाद में करीब 40 एकड़ फसल जली। जिसमें मंधावली, फतेहपुर बिल्लौच और बदरौल के किसान की फसल जली है।
किसानों के इस जख्म पर मरहम लगाते हुए सरकार ने किसान को 12 हजार रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से मुआवजा देने की घोषणा की है। जो किसानों की राहत भरी बात होगी। उपायुक्त समीरपाल सरो ने बताया कि जिन किसानों की फसल जल गई थी। उनकी गिरदावरी करने के आदेश जारी कर दिए गए हैं और जल्द ही गिरदावरी की रिपोर्ट आ जाएगी।