नई सरकार बनने के बाद भी मौजूदा संवैधानिक ढांचे में ही काम कर पाने के सवाल पर गोपाल राय ने कहा कि अभी भी हम लोग उसी ढांचे पर काम कर रहे हैं। आप की दिल्ली सरकार ने कई ऐसे काम करवाए हैं, जिन पर भाजपा ने रोड़े अटकाने की कोशिश की। गोपाल राय के मुताबिक, महाराष्ट्र की तर्ज पर दिल्ली में ऑपरेशन लोटस चलाया गया। इसके चलते बीते दो साल बहुत मुश्किल रहे। इतनी रोक और बाधाओं के बाद भी हमने जनता के लिए काम किया। दिल्ली सरकार के काम पर हमें एक बार फिर वोट मिलेगा।
गोपाल राय ने कहा कि भाजपा की केंद्र सरकार अपने तीनों कार्यकाल में एक भी काम गिना सके, तो वह अपने काम गिनाए। भाजपा वालों के पास कुछ भी नहीं है। आप की दिल्ली सरकार ने अपने हिस्से में आने वाले सारे काम किए। इसी के सहारे आप का अभियान आगे बढ़ रहा है और बगैर किसी सत्ता विरोधी लहर के प्रचंड बहुमत से सरकार बनेगी।
वहीं, भाजपा आज दिल्ली में पूरी तरह से कंफ्यूज है। सुबह वह फ्रीबीज का विरोध करते हुए दिखाई देते हैं, शाम होते-होते विरोध बंद कर देते हैं। भाजपा नेताओं को समझ में ही नहीं आ रहा है कि वह किस मुद्दे के सहारे अपना चुनावी अभियान आगे बढ़ाए। यह इसके बावजूद है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी दो-दो रैलियां की हैं। जमीन पर इसको लेकर कोई हलचल नहीं है।
जनता को सीधे कैश देने की योजनाओं का बचाव करते हुए गोपाल राय ने माना कि दिल्ली की अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए जनता की जेब में पैसा होना बहुत जरूरी है। अगर जनता की क्रय शक्ति बढ़ेगी तो अर्थव्यवस्था भी आगे बढ़ेगी। यह एक अलग आर्थिक मॉडल है। इससे बाजार आगे बढ़ेगा और रोजगार के मौके भी पैदा होंगे।
प्रदूषण के मुद्दे पर आप सरकार के कामों की तारीफ करते हुए गोपाल राय ने कहा कि 2016 में 109 दिन दिल्ली में हवा बेहतर रही थी। वहीं, 2023 में 209 दिन शुद्ध हवा के लक्ष्य तक हम पहुंचे हैं। अगर दो साल तक सरकार को परेशान नहीं किया जाता तो हम प्रदूषण और जनहित के अन्य विषयों पर अधिक काम कर पाते।