बीमार और ड्यूटी करने वाले वोटर इस बार पोस्टल बैलेट के अलावा अपने मतदान के लिए किसी दोस्त, परिजन या रिश्तेदार को भी नामित कर सकेंगे। अत्यधिक बीमारी से ग्रस्त और नौकरीपेशा लोगों को लोकतंत्र उत्सव में शामिल करने के लिए ही चुनाव आयोग ने इस योजना को मंजूरी दी है।
इससे पूर्व जो मतदाता मतदान के दिन शहर से बाहर ड्यूटी पर होते थे, वह डाक के जरिए अपना मतदान करते थे। इसी प्रकार बीमारी की हालत में तो वोटर अपने घर से निकलने की स्थिति में ही नहीं होते हैं। ऐसे में काफी वोटर मतदान करने से चूक जाते थे।
इन्हीं परेशानियों को देखते हुए चुनाव आयोग ने अब प्रॉक्सी वोटर योजना की शुरुआत की है। इस सुविधा के तहत बीमार, नौकरीपेशा व्यक्ति अपना वोट डालने के लिए किसी को नामित कर सकता है।
इसके लिए वोटर को निर्वाचन विभाग और संबंधित विधान सभा के रिटर्निंग ऑफिसर को ऑनलाइन या आवेदन फार्म के माध्यम से नामित व्यक्ति की जानकारी देनी होगी। रिटर्निंग अधिकारी ऐसे सर्विस मतदाताओं की सूचना उस बूथ पर मतदान करने वाली पोलिंग पार्टी के पीठासीन अधिकारी को देंगे।
वहां सूची को देखकर नामित वोटर ( प्रॉक्सी वोटर) से वोट डलवा देंगे। प्रॉक्सी के रूप में माता-पिता, भाई-बहन, बेटे-बेटी के साथ ही कोई दोस्त भी नामित किया जा सकता है।
प्रॉक्सी वोटर की बीच की उंगली पर लगेगा स्याही का निशान:
प्रॉक्सी वोट डाले जाने के दौरान नामित व्यक्ति की बीच की उंगली पर स्याही का निशान लगाया जाएगा। जब वह अपनी वोट डालेगा तब उसकी तर्जनी उंगली में स्याही लगाई जाएगी। इस बार मतदाता सूची में सर्विस वोटरों के नाम के आगे सीएसवी यानी क्लासीफाइड सर्विस वोटर लिखा होगा।
अधिकारी बोले:
‘चुनाव आयोग की इस नई व्यवस्था की तैयारी कर ली गई है। नामित वोटर के लिए आवेदन फार्म भी छपवा लिए गए हैं। इस श्रेणी में आने वाले वोटर जिला मुख्यालय से ऐसे आवेदन फार्म हासिल कर सकते हैं। इसके अलावा चुनाव आयोग की साइट पर ऑनलाइन आवेदन भी किया जा सकता है।’ - ज्ञानेंद्र सिंह, एडीएम प्रशासन एवं चुनाव अधिकारी
इनसेट:
विधानसभा 2012 में पड़े डाक मत
विधानसभा डाक मत संख्या
गाजियाबाद 412
लोनी 68
मुरादनगर 798
साहिबाबाद 342
मोदीनगर 472