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सातवीं बार गर्भवती होने पर गई जान: 10 माह पहले हुई थी छठी संतान, फिर गर्भवती होने पर कराया गर्भपात, हुई मौत

Sun, 04 Oct 2026 08:51 PM IST
Akash Dubey अमर उजाला नेटवर्क, मसूरी (गाजियाबाद)

सार

शमा अस्पताल में इलाज के दौरान महिला शन्नो की मौत हो गई। पति निजामुद्दीन ने अस्पताल पर चिकित्सकीय लापरवाही का आरोप लगाते हुए पुलिस से शिकायत की है।
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इलाज के दौरान कटी नस - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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यूपी के गाजियाबाद जिले के मसूरी क्षेत्र स्थित शमा अस्पताल में इलाज के दौरान महिला की हालत बिगड़ने के बाद दिल्ली के अस्पताल में बीती रात उसकी मौत हो गई। मृतका शन्नो (35) के पति निजामुद्दीन निवासी डासना ने अस्पताल में उपचार के दौरान लापरवाही का गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस से शिकायत की है।

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तहरीर के अनुसार, निजामुद्दीन ने अपनी पत्नी को उपचार के लिए 31 अगस्त को शमा अस्पताल स्थित मसूरी में भर्ती कराया था। आरोप है कि उपचार के दौरान महिला का अबॉर्शन करने के बाद महिला को अत्यधिक रक्त स्राव हो गया, महिला की हालत लगातार बिगड़ती देख, महिला के परिजनों ने महिला को इलाज के लिए हायर सेंटर में भर्ती कराया, मगर वहां से गंभीर हालत में महिला को दिल्ली के जय प्रकाश नारायण अस्पताल में भर्ती कराया, मगर हालत बिगड़ती चली गई।

महिला एक सप्ताह से वेंटिलेटर पर थी और बीती रात उसकी मृत्यु हो गई। पति निजामुद्दीन ने बताया कि उनके छोटे-छोटे छह बच्चे हैं, सबसे छोटा बच्चा लगभग 10 माह का है और उनकी पत्नी फिर से चार माह की प्रेगनेंट थी, शमा अस्पताल में इलाज के दौरान अंदर गलत नस कट जाने के बाद महिला की हालत गंभीर हो गई। इसके बाद परिजन 6 सितंबर को उसे दिल्ली के जेपी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां शनिवार रात उपचार के दौरान महिला ने दम तोड़ दिया। 
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महिला की मौत के बाद परिजनों ने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। मृतका के पति ने चिकित्सकीय लापरवाही की पुष्टि होने पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। महिला का पोस्टमार्टम दिल्ली में कराया गया है। शमा अस्पताल वालों से संपर्क करने पर इस बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई। एसीपी मसूरी सुनील कुमार ने बताया कि पीड़ित की शिकायत प्राप्त हुई है। मामले की जांच की जा रही है, स्वास्थ्य विभाग की जांच होने और मेडिकल परीक्षण रिपोर्ट आने के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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