फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गाजियाबाद: बेटी के अपहरण की धमकी देकर महिला को डिजिटल अरेस्ट, 14.76 लाख रुपये ठगे

Wed, 14 Oct 2026 12:08 PM IST
Vijay Singh Pundir अमर उजाला नेटवर्क, गाजियाबाद

सार

बेटी के अपहरण की धमकी से डरी उषा रानी ने ठगों की बात मान ली। 9 अक्तूबर 2026 को उन्होंने अपने और पति के जॉइंट खाते से 14 लाख 76 हजार रुपये ठगों द्वारा बताए गए आईसीआईसीआई बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिए। 
विज्ञापन
Cyber crime - फोटो : Freepik
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

साइबर ठगों ने एक महिला को उसकी बेटी के अपहरण की धमकी देकर नौ दिनों तक 'डिजिटल अरेस्ट' रखा। इस दौरान उन्होंने महिला से 14 लाख 76 हजार रुपये की धोखाधड़ी की। पुलिस ने शिकायत के आधार पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

विज्ञापन


उषा रानी ने पुलिस को बताया कि 1 अक्तूबर 2026 को उनके पति सतीश चंद्र के मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को पुलिस विभाग का बताया और कहा कि उनके आधार कार्ड का दुरुपयोग हुआ है। पति के पैरालाइज्ड होने के कारण उन्होंने उषा रानी का नंबर दे दिया। इसके बाद उषा रानी को व्हाट्सएप पर वीडियो कॉल आई, जिसमें दो लोग खुद को कोर्ट और क्राइम ब्रांच अधिकारी बता रहे थे। उन्होंने उषा रानी को मनी लॉन्ड्रिंग के केस में फंसा होने की बात कहकर डराया। ठगों ने उन्हें नौ दिनों तक वीडियो कॉल पर 'डिजिटल अरेस्ट' रखा और उनकी हर गतिविधि पर नजर रखी। उन्होंने उषा रानी के परिवार के बारे में भी जानकारी ली। ठगों ने उनकी बेटी को स्कूल से अगवा करने की धमकी दी।

डर के मारे ट्रांसफर किए रुपये
बेटी के अपहरण की धमकी से डरी उषा रानी ने ठगों की बात मान ली। 9 अक्तूबर 2026 को उन्होंने अपने और पति के जॉइंट खाते से 14 लाख 76 हजार रुपये ठगों द्वारा बताए गए आईसीआईसीआई बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिए। पैसे ट्रांसफर होते ही ठगों ने अपना फोन बंद कर लिया। तब उषा रानी को एहसास हुआ कि उनके साथ ऑनलाइन ठगी हुई है।
विज्ञापन


पुलिस ने दर्ज किया मामला
उषा रानी ने इस साइबर धोखाधड़ी की शिकायत ऑनलाइन एनसीआरपी पोर्टल पर भी दर्ज कराई थी। गाजियाबाद साइबर क्राइम पुलिस थाना में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। निरीक्षक सतीश कुमार को मामले की जांच सौंपी गई है। पुलिस अब आरोपियों की तलाश कर रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें