गाजियाबाद। निवाड़ी के गांव अबुपुर के जंगल में 12 जून को हुई अगरौला निवासी प्रिंस तंवर (24) की हत्या के मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दो साल पहले हुए मारपीट के मामले में रंजिशन प्रिंस के मौसेरे भाई सुमित ने अपने साथियों के साथ मिलकर गला दबाकर उसकी हत्या की थी। बाद में पहचान छिपाने के लिए शव को कार में रखकर निवाड़ी के जंगल में ले जाकर पेट्रोल डालकर जला दिया था। पुलिस ने वारदात में प्रयुक्त दो कार बरामद की हैं।
डीसीपी ग्रामीण रवि कुमार ने बताया कि पकड़े गए आरोपी अगरौला निवासी सुमित उर्फ भोला, आशीष तंवर, अंकित तंवर और बागपत के छपरौली निवासी शिवा मलिक को गिरफ्तार किया है। सुमित और अंकित प्रिंस की मौसी के लड़के हैं जबकि आशीष प्रिंस के चाचा का बेटा है। शिवा सुमित का दोस्त है। वारदात को अंजाम देने में दो नाबालिग भी शामिल हैं जो फरार हैं। पुलिस उनकी तलाश में जुटी हैं। सुमित के खिलाफ हत्या, अपहरण, मारपीट के तीन मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस का कहना है सभी आरोपी गांव में वर्चस्व बनाने के लिए आपराधिक गतिविधियों में शामिल रहते हैं।
डीसीपी ने बताया कि अगरौला निवासी श्रीपाल ने ट्रॉनिका सिटी थाने में अपने बेेटे प्रिंस तंवर की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। 12 जून को निवाड़ी के जंगलों में एक युवक का अधजला शव मिला था। जांच में उसकी पहचान के बाद पुलिस ने सर्विलांस व सीसीटीवी फुटेज की मदद से पुलिस ने संदिग्धों से हिरासत में लेकर पूछताछ की तो हत्या का खुलासा हो गया। पूछताछ में सामने आया कि करीब दो साल पहले सुमित व उसके साथियों का प्रिंस से होटल पर खाना खाने के बाद झगड़ा हुआ था। इस मामले में प्रिंस ने सुमित से शिकायत भी की थी। इस मामले में रंजिश मानते हुए सुमित का प्रिंस से विवाद रहता था। बीच में इनके बीच समझौता भी हो गया था।
11 जून की रात को सुमित ने प्रिंस को फोन करके पार्टी करने को बुलाया। प्रिंस सुमित के पास गया। सुमित अपने पांच भाई व साथियों के साथ दो कार में सवार थे। सभी ने मिलकर पहले शराब पी और पार्टी की। इसके बाद साजिश के तहत सुमित ने प्रिंस से फिर से झगड़ा किया और उसकी पिटाई की। बाद में उन्होंने मुकदमा होने से डर से उसकी गला दबाकर हत्या कर दी।