गाजियाबाद। एनसीआर से लग्जरी कार चोरी करने वाले अंतरराज्यीय वाहन चोर गिरोह का स्वाट और मधुबन बापूधाम थाना पुलिस ने पर्दाफाश किया है। टीम ने तीन बदमाशों शकील उर्फ भुरवा (32) निवासी ग्राम जसोरा थाना मुंडाली जनपद मेरठ, समीर निवासी महावतों की मस्जिद नागौरी गेट रोड थाना सदर जोधपुर राजस्थान और हसीन निवासी ग्राम अलियारपुर खजूरी थाना किला परीक्षितगढ़ मेरठ को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए बदमाश ऑन डिमांड एनसीआर क्षेत्र से कार चोरी कर राजस्थान और जोधपुर में बेचते थे।
एसीपी कविनगर अभिषेक श्रीवास्तव ने बताया कि गिरोह का सरगना शकील उर्फ भुरवा है। पूछताछ में शकील ने बताया कि उसके गिरोह के सदस्य मेरठ, गाजियाबाद, गौतमबुद्धनगर, दिल्ली व एनसीआर क्षेत्र से ऑन डिमांड कार चोरी करते हैं। चोरी की गई कारों के चेचिस और इंजन नंबर को मशीन से मिटाकर इन पर एक्सीडेंटल वाहनों का नंबर लिख बेच देते थे। जो कार नहीं बिकती थी उसे जोधपुर ले जाते और समीर के गोदाम में काटकर उसके कलपुर्जे अलग-अलग कर बेच देते थे।
शकील ने बताया कि वर्ष 2010 में वह सलमान के साथ कार चोरी करता था लेकिन पकड़ा गया और जेल से आने पर गिरोह तैयार किया। इसके गिरोह के हसीन, असलम, राशिद काला, अज्जू उर्फ अजरूद्दीन, हाफिज, अरशद, अब्दुल खालिक व समीर पुलिस गिरफ्त से बाहर हैं। शकील उर्फ भुरवा पर 29, हसीन के खिलाफ 13 और समीर के पर तीन मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस ने इनके पास से चोरी की गई आठ कारें बरामद की हैं।
टैब से कार का इलेक्ट्रिक सिस्टम करते थे कंट्रोल
पूछताछ में शकील ने बताया कि डिमांड आते ही वह अपने-अपने क्षेत्र में कार तलाश करते थे। टैबलेट की सहायता से वह कार का इलेक्ट्रिक सिस्टम कंट्रोल करते थे। इसके बाद कार के नजदीक जाकर चाबी की बनावट व अन्य सिक्योरिटी सिस्टम की वीडियो बनाकर टैब और मास्टर चाबी की मदद से कार चोरी कर लेते थे।
फ्लाइट मोड पर रखते थे मोबाइल
पकड़े गए बदमाशों ने बताया कि पुलिस से बचने के लिए वह फ्लाइट मोड पर मोबाइल रखते थे। व्हाट्सएप मैसेज और कॉल के माध्यम से ही आपस में बातचीत करते थे। अपने वाहनों पर हमेशा नंबर प्लेट बदलकर ही वारदात को अंजाम देते थे।