गाजियाबाद। मधुबन बापूधाम के मोरटा के रहने वाले संदीप कुमार आधार कार्ड और पैन कार्ड का दुरुपयोग कर शातिर ने अलग-अलग लोन एप से करीब 10 लाख का ऋण ले लिया। इतना ही नहीं शातिर ने किसी कामगार को किस्तों पर बाइक दिलाने का झांसा देकर उनके नाम से बाइक भी फाइनेंस करा ली। संदीप ने बैंक में सिविल स्कोर दिखवाया तो उन्हें इस फर्जीवाड़े का पता चला।
संदीप कुमार ने बताया कि राजनगर में उनका कपड़ों का व्यापार है। उन्होंने ऋण लेने के लिए बैंक में अपना सिविल स्कोर दिखवाया तो पता चला कि उनका सिविल स्कोर से खराब है। जानकारी निकलवाने पर पता चला कि किसी ने उनके दस्तावेजों पर अलग-अलग एप के जरिये ऑनलाइन करीब 10 लाख का ऋण ले लिया और एक उनका नाम के व्यक्ति को बाइक भी किस्तों पर दिलवा दी। किसी तरह उन्होंने उससे व्यक्ति से संपर्क किया तो उसने बताया कि फाइनेंस कराने वाले व्यक्ति ने उनसे दो किस्त फालतू लेकर उन्हें बाइक फाइनेंस कराई है। शातिर ने उनकेे नाम पर दो क्रेडिट कार्ड भी बनवाए हैं। जिनकी किस्त भी जमा नहीं होने से उनका सिविल स्कोर खराब हो गया है। शातिर ने और ऋण लेने के लिए कई लोन का सेटलमेंट भी कराया है। मामले में उन्होंने मधुबन बापूधाम थाने में मुकदमा दर्ज कराया है। एसीपी कविनगर अभिषेक श्रीवास्तव का कहना है कि मामले में साइबर सेल की मदद लेकर जांच की जा रही है।