मोदीनगर। मोदीनगर विधायक डॉ. मंजू शिवाच और उनके पति डॉ. देवेंद्र शिवाच सहित आठ लोगों पर दस दिन पूर्व दर्ज हुए जालसाजी व धोखाधड़ी के मामले की जांच कछुआ गति से चल रही है। मामले में पुलिस तिल भर भी आगे नहीं बढ़ पाई है जबकि रिपोर्ट दर्ज हुए दस दिन बीत गए है। पुलिस ने अभी तक इस मामले में किसी के भी बयान दर्ज नहीं किए हैं। इससे पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे है। इस मामले में मोदीनगर पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज की थी। जनपद मेरठ के नूरनगर निवासी पंकज की ओर से दर्ज कराई गई रिपोर्ट में कहा गया है कि उनका नगर की श्रीराम वाटिका में 270 वर्ग गज का प्लॉट है। प्रोपर्टी डीलर बाबू के माध्यम से प्लॉट का सौदा डॉ. देवेंद्र शिवाच से 55 लाख रुपये में हुआ था। पंकज के अनुसार डॉ. देवेंद्र शिवाच ने दस लाख रुपये दिए और बाकी रकम बैनामे के समय देने की बात कही। पंकज का आरोप है कि बाद में फर्जी पावर ऑफ एटार्नी बनवाकर उसका बैनामा कर लिया गया। इस प्रकरण में मोदीनगर पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर बीती 16 मई को विधायक डॉ. मंजू शिवाच व उनके पति डॉ. देवेंद्र शिवाच, हाजी वासिद, बाबू प्रोपर्टी डीलर, रहीसा,यामीन व खतीजा सहित आठ पर जालसाजी और धोखाधड़ी की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की थी। एसीपी ज्ञानप्रकाश राय का कहना है कि मामले की विवेचना की जा रही है। नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।