गाजियाबाद। भीषण गर्मी और धूप में चलने व काम करने से आंखों की नमी सूख रही है। इस कारण से आंखों में खुजली, जलन, लालिमा और दर्द की शिकायत लेकर रोजना 120 से 125 मरीज एमएमजी अस्पताल में पहुंच रहे हैं।
नेत्र रोग विशेषज्ञों का कहना है कि धूल, तेज धूप, गर्म हवा और प्रदूषण मिलकर आंखों पर सीधा असर डाल रहे हैं, जिससे संक्रमण और एलर्जी के मामलों में इजाफा हो रहा है। खासकर बच्चों, बुजुर्गों और बाहर काम करने वाले लोगों में यह समस्या ज्यादा देखी जा रही है।
एमएमजी अस्पताल के नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. नरेंद्र कुमार का कहना है कि गर्मियों में आंखों की नमी तेजी से कम हो जाती है। इस कारण से ड्राई आई और एलर्जी की समस्या बढ़ जाती है। तेज धूप और लू के संपर्क में आने से आंखों की सतह पर असर पड़ता है। इससे जलन, चुभन जैसी परेशानी हो रही है। डॉ. नरेंद्र ने बताया कि कई मरीज बिना सलाह के आई ड्रॉप्स का इस्तेमाल कर लेते हैं, इससे स्थिति और बिगड़ सकती है।
गर्मी में बैक्टीरियल और वायरल संक्रमण का खतरा
संयुक्त अस्पताल के पूर्व नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. जितेंद्र सिंह का कहना है कि गर्मी के मौसम में बैक्टीरियल और वायरल संक्रमण भी फैलते हैं। आंखों को बार-बार छूना, गंदे हाथों से रगड़ना और साफ-सफाई का ध्यान न रखना संक्रमण का बड़ा कारण बनता है। उन्होंने सलाह दी कि शुरुआती लक्षण दिखने पर ही डॉक्टर से परामर्श लेना चाहिए, ताकि गंभीर स्थिति से बचा जा सके। डॉ. जितेंद्र का कहना है कि कुछ अध्ययनों में भी यह सामने आया है कि गर्मी के मौसम में ड्राई आई सिंड्रोम और एलर्जिक कंजक्टिवाइटिस के मामले बढ़ जाते हैं। इसका एक कारण जलवायु परिवर्तन और बढ़ता प्रदूषण भी है। यह समस्या भविष्य में और गंभीर हो सकती है। ऐसे में सतर्क रहना और समय पर इलाज कराना बेहद जरूरी है।
गर्मी में नेत्र रोग के मुख्य कारण
गर्म और शुष्क हवा के कारण आंखों की नमी कम होना
धूल, प्रदूषण और एलर्जन के संपर्क में लगातार रहना
तेज धूप और अल्ट्रावायलेट (यूवी) किरणों का सीधा प्रभाव
आंखों को गंदे हाथों से बार-बार छूना या मलना
लंबे समय तक मोबाइल और स्क्रीन का उपयोग
इस तरह से कर सकते हैं बचाव
धूप में निकलते समय सनग्लास का इस्तेमाल करना
आंखों को ठंडे और साफ पानी से समय-समय पर धोना
हाथों की स्वच्छता बनाए रखना और आंखों को बिना वजह न छूना
पर्याप्त पानी पीकर शरीर को हाइड्रेट रखना
डॉक्टर की सलाह के बिना किसी भी आई ड्रॉप का उपयोग न करना