गाजियाबाद। आरकेजीआईटीएम में शनिवार को शुरू हुए ‘स्मार्ट इंडिया हैकथॉन-2017’ में एमएचआरडी मंत्रालय से जुड़ी शिक्षा क्षेत्र की समस्याओं का हल निकालने का मिशन स्टूडेंट्स ने शुरू कर दिया। लगातार 36 घंटे तक चलने वाले इस मिशन में 16 राज्यों के 376 तकनीकी स्टूडेंट्स हिस्सा ले रहे हैं।
एमएचआरडी मंत्रालय से जुड़ी 47 समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए यह छात्र नए एप्स, सॉफ्टवेयर और प्लेटफार्म तैयार करेंगे। पहले दिन स्टूडेंट्स ने शिक्षा में बायोमीट्रिक प्रक्रिया को बढ़ावा देने के लिए ‘फेस डिटेक्शन/आधार बायोमीट्रिक वैलिडेशन ऑफ कैंडिडेट्स’ को तैयार करना शुरू किया।
यह प्रोजेक्ट जेस्टर्स-प्रो टीम के टीम लीडर रवि भारती के निर्देशन में शुरू हुआ। करियर काउंसलिंग के लिए टूल्स फॉर ऑनलाइन करियर काउंसलिंग, मूल्याकंन के लिए इमेज डाटा प्रोसेसिंग एंड इवैल्यूएशन, ऑनलाइन मूल्यांकन के लिए ऑनलाइन आंसर बुक इवैल्यूएशन, स्टैंडर्डराइजेशन ऑफ मार्क्स, एप्स फॉर मॉनीटरिंग ऑफ एग्जामिनेशन सिस्टम, स्मार्ट डॉक्युमेंट मैनेजमेंट सिस्टम, स्टडी सेंटर मैनेजमेंट सिस्टम का खाका खींचना शुरू कर दिया।
वहीं शिकायत और फीडबैक के लिए टीम प्रोग्रामर स्क्वायड ने टीम लीडर शुभम पांडेय के निर्देशन में कंप्लेंट एंड फीडबैक मैनेजमेंट सिस्टम, टीम टैक पायरेट्स जीईसी ने टीचर्स परफॉरमेंस इवैल्यूएटर प्लेटफार्म तैयार करना शुरू किया। प्रोग्राम का शुभारंभ एमएचआरडी के एडमिशनल सेक्रेटरी आर सुब्रह्मण्यम ने किया।
इस मौके पर संस्थान के चेयरमैन दिनेश गोयल, एडवाइजर प्रो. बीके गुप्ता, निदेशक आरएंडडी डा. लक्ष्मण प्रसाद, निदेशक डा. राजेश वर्मा, निदेशक एडमिन प्रो. वीके जैन, चीफ वार्डन प्रो. राकेश कुमार, डीन एकेडमिक्स प्रो. मनोरमा शर्मा, प्रोग्राम कॉर्डिनेटर डा. श्रवण कुमार, नवीन दुबे मौजूद रहे।
वीडियो कांफ्रेंसिंग से प्रधानमंत्री करेंगे मोटिवेट
देशभर के 26 शहरों में चलने वाले हैकथॉन के ग्रैंड फिनाले के पहले दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रात दस बजे स्टूडेंट्स को वीडियो कान्फ्रेंसिंग के जरिए मोटिवेट करेंगे। वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए ही प्रधानमंत्री स्टूडेंट्स से रूबरू होने के साथ स्टूडेंट्स से सवाल-जवाब करेेंगे। बता दें कि इस प्रतियोगिता के विजेता टीम को 50 लाख रुपये का इनाम दिया जाएगा।
न्यू इंडिया टर्म का सपना होगा साकार
पहले दिन वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए एमएचआरडी मिनिस्टर प्रकाश जावड़ेकर ने स्टूडेंट्स से कहा कि हैकथॉन के जरिए न्यू इंडिया टर्म का सपना साकार होते हुए देख रहे हैं। प्रतिभागियों की गुणवत्ता को स्टार्ट अप इंडिया कार्यक्रम से जोड़ा जाएगा।
स्टूडेंट्स जॉब देंगे, लेने नहीं जाएंगे
प्रोग्राम में वीडियो कांफ्रेंसिंग से बोलते हुए एआईसीटीई के चेयरमैन प्रो. अनिल सहत्रबुद्धि ने कहा कि हैकथॉन विश्व का सबसे बड़ा ईवेंट है। इसके बाद स्टूडेंट्स जॉब मांगने की जगह लोगों को जॉब देंगे।